उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग (यूपीपीएससी) ने पीसीएस-2019 और पीसीएस-2020 का अंतिम चयन परिणाम तो जारी कर दिया, लेकिन प्रारंभिक परीक्षा के कटऑफ अंक जारी नहीं किए। आयोग में कई बार ज्ञापन देने के बाद भी कोई सुनवाई न होने पर प्रतियोगी छात्र संघर्ष समिति ने अब कोर्ट में गुहार लगाने का निर्णय लिया है।
आयोग ने पीसीएस परीक्षा के साथ ही समीक्षा अधिकारी (आरओ)/सहायक समीक्षा अधिकारी (एआरओ)-2016 एवं 2017 की प्रारंभिक परीक्षा के कटऑफ अंक भी जारी नहीं किए हैं। इसके साथ ही कुछ सीधी भर्तियों की स्क्रीनिंग परीक्षा के कटऑफ अंक भी जारी नहीं किए गए हैं।
प्रतियोगी छात्र संघर्ष समिति के अध्यक्ष अवनीश पांडेय और मीडिया प्रभारी प्रशांत पांडेय का का कहना है कि पूर्व में प्रारंभिक परीक्षा के परिणाम के साथ ही कटऑफ अंक जारी कर दिए जाते थे, लेकिन पूर्व अध्यक्ष प्रभात कुमार के कार्यकाल में प्रारंभिक परीक्षा के कटऑफ अंक जारी किए जाने की प्रक्रिया बंद कर दी गई। पीसीएस-2021 की प्रारंभिक परीक्षा का परिणाम घोषित हो चुका है, लेकिन कटऑफ जारी नहीं किया गया।
समिति के अध्यक्ष एवं मीडिया प्रभारी का कहना है कि कटऑफ अंक के लिए कई बार ज्ञापन दिया गया, लेकिन परीक्षा में पारदर्शिता का दावा करने वाले यूपीपीएससी ने कोई सुनवाई नहीं की। ऐसे में समिति अब कटऑफ अंक के लिए न्यायालय की शरण में जाएगी।