यूपीएससी से आगे निकला यूपीपीएससी
उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग (यूपीपीएससी) ने एक और नया रिकॉर्ड बनाया है। वह रिजल्ट जारी करने को लेकर संघ लोक सेवा आयोग (यूपीपीएससी) से भी आगे निकल गया है। यूपीपीएससी ने पहले ही तैयारी कर ली थी कि इस बार संघ लोक सेवा आयोग की सिविल सेवा परीक्षा के परिणाम से पहले पीसीएस-2022 का परिणाम जारी कर दिया जाएगा। 15 अप्रैल से पहले परिणाम जारी करने की तैयारी थी और आयोग ने सात अप्रैल को पीसीएस का परिणाम जारी कर दिया। इससे सत्र भी अब पूरी तरह से पटरी पर गया है।
वैकल्पिक विषयों वाली अंतिम परीक्षा थी पीसीएस-2022
पीसीएस-2022 की परीक्षा कई कारणाें से हमेशा के लिए अभ्यर्थियों को याद रहेगी। पहली बार किसी पीसीएस परीक्षा की पूरी प्रक्रिया 10 माह में पूरी कर ली गई। वहीं, इसी परीक्षा के साथ ही पीसीएस में वैकल्पिक विषयों की अनिवार्यता भी समाप्त हो गई। पीसीएस-2023 की मुख्य परीक्षा में वैकल्पिक विषय नहीं होंगे। अब तक पीसीएस मेंस में सामान्य हिंदी, निबंध, सामान्य अध्ययन और वैकल्पिक विषय की परीक्षा होती थी। वैकल्पिक विषय के दो प्रश्नपत्र होते थे, लेकिन पीसीएस-2023 से वैकल्पिक विषय की जगह सामान्य अध्ययन के यूपी विशेष दो नए प्रश्नपत्र शामिल किए जाएंगे।
हालांकि, इस बार इंटरव्यू में शामिल जो अभ्यर्थी चयन से चूक गए हैं, उनके लिए अगली परीक्षा में चुनौती बढ़ने जा रही है। वर्षों से वैकल्पिक विषयों की तैयारी के साथ परीक्षा में शामिल हो रहे अभ्यर्थियों को अब नए सिरे से तैयारी करनी होगी। पीसीएस-2023 की प्रारंभिक परीक्षा इस वर्ष 14 मई को और मुख्य परीक्षा 23 सितंबर से प्रस्तावित है।
ऐसे में अभ्यर्थियों के पास परीक्षा की तैयारी के लिए वक्त बहुत कम बचा है। प्रारंभिक परीक्षा को महज 37 दिन शेष रह गए हैं। वहीं, मुख्य परीक्षा के लिए तकरीबन साढ़े पांच का वक्त बाकी रह गया है। जो अभ्यर्थी वर्षों से वैकल्पिक विषयों की तैयारी में लगे हुए थे, उन्हें अब पूरी तरह से तैयारी की दिशा बदली पड़ेगी और सामान्य अध्ययन के यूपी विशेष प्रश्नपत्रों की तैयारी में जुटना होगा।