इस से पांच बार विधायक रह चुका है अतीक
ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन को भरोसा है कि शहर पश्चिम की इस सीट से अतीक की बीवी शाइस्ता परवीन पर दांव लगाकर वह अपना खाता खोल सकती है। इसलिए कि शहर पश्चिम विधानसभा सीट से अतीक पांच बार विधायक रह चुका है।
इसी सीट से एक बार उसका भाई अशरफ भी विधायक रहा है। इसके बाद यह सीट अतीक के हाथ से निकल गई थी। फिर 2007 में बसपा के टिकट पर राजू पाल और उसकी हत्या के बाद हुए उप चुनाव में उसकी बीवी पूजा पाल भी बसपा के ही टिकट पर विधायक चुनी गईं।
वर्तमान में सिद्धार्थनाथ सिंह है विधायक
इसके बाद 2012 में फिर पूजा पाल ने इस सीट से जीत दर्ज की, लेकिन 2017 के चुनाव में भाजपा ने यह सीट बसपा से छीन ली। यहां से भाजपा के टिकट पर सिद्धार्थनाथ सिंह विधायक चुने गए। अब एक बार फिर अतीक जेल से चुनावी बिसात बिछाकर इस सीट पर अपनी बीवी के सहारे कब्जा जमाने में जुट गया है।
मुस्लिम बहुल इस सीट पर एआईएमआईएम से शाइस्ती परवीन का नाम आने के बाद सियासी पारा तेजी से चढ़ गया है। उल्लेखनीय है कि बीते सात सितंबर को लखनऊ में शाइस्ता परवीन ने असदुद्दीन ओवैसी की मौजूदगी में एआईएमआईएम की सदस्यता ग्रहण की थी।
मुझे भी पता चला है कि ओवैसी की पार्टी एआईएनआईएम से मुझे शहर पश्चिम से लड़ाया जा रहा है। लेकिन, फैसला पूर्व सांसद अतीक अहमद ही करेंगे। अभी मैं उनसे मिलने के लिए गुजरात नहीं जा सकी हूं। जल्द ही इस पर उनसे वार्ता करूंगी। इसके बाद ही कुछ कह सकती हूं। शाइस्ता परवीन।
संगमनगरी की छह सीटों पर विपक्ष की राह का कांटा बनेगी एआईएमआईएम की चुनावी बिसात
एआईएमआईएम की चुनावी बिसात प्रयागराज की शहर पश्चिम समेत कई सीटों पर विपक्ष के लिए भारी पड़ सकती है। जिले की 12 में से छह सीटों पर पार्टी अपने उम्मीदवार उतारेगी। असदुद्दीन ओवैसी की पार्टी ने शहर दक्षिणी सीट से अपने जिलाध्यक्ष शाह आलम का भी नाम तय कर दिया है। इसके अलावा प्रतापपुर, सोरांव, फाफामऊ और फूलपुर से भी पार्टी प्रत्याशियों का एलान करने जा रही है।