पत्नी पर इनाम के बारे में उसने कहा कि शाइस्ता ने अग्रिम जमानत की अर्जी डाल रखी है। जब उससे पूछा गया कि साबरमती जेल में उसे काफी सुविधाएं मिली हैं तो उसने कहा कि उसे कोई सुविधा नहीं मिली है। आम कैदियों की तरह उसे रखा गया है।
शाइस्ता और नाबालिग बेटों के मामलों में दाखिल अर्जी पर सुनवाई टली
उमेश पाल हत्याकांड में शाइस्ता परवीन की अग्रिम जमानत और उसके दोनों नाबालिग बेटों के मामले में दाखिल अर्जी पर बुधवार को सुनवाई नहीं हो सकी। अब यह सुनवाई एक अप्रैल को होगी। बुधवार को अधिवक्ताओं के न्यायिक कार्य से विरत रहने की वजह से दोनों ही मामलों में सुनवाई नहीं हो सकी। इस वजह से दोनों में सुनवाई के लिए तिथि आगे बढ़ा दी गई है।
यह भी पढ़ें: Atiq Ahmed: अतीक अहमद एक और बड़ा झटका, माफिया को सजा होते ही बदले बसपा के सुर, पत्नी शाइस्ता का कटेगा टिकट!
शाइस्ता ने अपने दोनों नाबालिग बेटों को पुलिस द्वारा उठाए जाने के मामले में सीजेएम कोर्ट में अर्जी दाखिल की थी। पुलिस ने बताया कि दोनों बच्चों को राजरूपपुर स्थित बाल संरक्षण गृह में रखा गया है। इस पर कोर्ट ने शाइस्ता के अधिवक्ताओं से भौतिक सत्यापन के लिए कहा है। भौतिक सत्यापन के बाद वह अपनी रिपोर्ट सीजेएम कोर्ट को देंगे। जबकि, उमेश पाल हत्याकांड में शाइस्ता नामजद आरोपी हैं। इसलिए उसने अपनी अग्रिम जमानत के लिए अर्जी दाखिल की है।