Trouble with katan, black pantoon bridge opened
कटान से मुसीबत, खोला गया काली पांटून पुल
त्रिवेणी और काली पांटून पुल में लगातार कटान से अभियंता परेशान
प्रयागराज। माघ मेला आरंभ होने में अब सिर्फ हफ्ते भर शेष हैं, लेकिन मूलभूत सुविधाओं के विकास केकार्य पिछड़ गए हैं। गंगा में मानक से अधिक जल स्तर होने और कटान का दायरा बढ़ने से परेशानियां कम नहीं हो रही हैं। काली पांटून पुल में फिर कटान होने से अभियंताओं के माथे पर बल पड़ गए हैं। इस पुल में फिर से पीपा जोड़ा जा रहा है, ताकि मेला सेक्टरों में संतों-भक्तों, कल्पवासियों के आवागमन में दिक्कतें न आ सकें।
त्रिवेणी व काली पांटून पुलों में बृहस्पतिवार को भी कटान से मुसीबतें बढ़ गईं। झूंसी की ओर से नए सिरे से पांटून जोड़ने के बाद दारागंज की ओर लगातार कटान होने पीडब्ल्यूडी कुंभ मेला डिवीजन के अभियंताओं की परेशानी बढ़ती जा रही है। इन दोनों पांटून पुलों में फिर से पीपे बढ़ाए जा रहे हैं। काली पांटून पुल को फिर से खोड़कर जोड़ा जा रहा है। इसी तरह दलकल व कटान की वजह से उत्तर की तरफ मेले के विस्तार की वजह से चकर्ड प्लेट मार्गों को बनाने का भी काम बढ़ गया है। ससेक्टर पांच डेढ़-डेढ़ किमी तक नए रास्ते तैयार किए जा रहे हैं। कटान का दायरा बढ़ने से त्रिवेणी व काली मार्ग पर बड़ा हिस्सा दलदल बनता जा रहा है। अभियंताओं के अनुसार माघ मेले में फाफामऊ में गंगा का जलस्तर 76 मीटर होना चाहिए, जबकि बृहस्पतिवार को भी यहां गंगा का जलस्तर मानक से अधिक रिकार्ड किया गया।