इलाहाबाद। नए यमुना पुल पर बृहस्पतिवार शाम पतंग का मंझा स्कूटी सवार इंटर के छात्र गौरव बनर्जी (17) और छात्रा दिव्यानी (16) के गले में फंस गया। गले में मंझा फंसते ही स्कूटी अनियंत्रित हो गई। दोनों स्कूटी समेत सड़क पर गिर पड़े। मंझे की डोर दोनों का गला काटते हुए निकल गई। खून से लथपथ पड़े छात्र-छात्रा को आनन-फानन में कीडगंज पुलिस की मदद से रामबाग स्थित एक निजी अस्पताल ले जाया गया। वहां डॉक्टरों ने छात्र को मृत घोषित कर दिया।
मेयोहॉल चौराहे के निकट विनायक अपार्टमेंट के एक फ्लैट मेंरहने वाले अमिताभ बनर्जी शेयर कारोबारी हैं। उनका बेटा गौरव बनर्जी इंटर का छात्र था। गौरव शाम को स्कूटी पर कोचिंग गया था। कोचिंग के बाद वह बैरहना में रहने वाली अपनी दोस्त दिव्यानी जायसवाल के साथ नैनी की ओर से लौट रहा था। नए यमुना पुल से गुजरते समय गौरव और दिव्यानी के गले मेें पतंग का मंझा फंस गया। मंझा दोनों का गला काटते हुए निकल गया। गौरव और दिव्यानी स्कूटी से लड़खड़ाकर सड़क पर गिरे। उन्हें गिरता देख राहगीर भागकर वहां उनके पास पहुंचे।
दोनों खून से लथपथ तड़प रहे थे। घटना के चलते नए पुल पर खलबली मच गई। वहीं पुल पर जमा पतंगबाजों की भीड़ गायब हो गई। सूचना पर वहां पहुंची कीडगंज पुलिस की मदद से घायलों को अस्पताल ले जाया गया। अस्पताल में डॉक्टरों ने गौरव को मृत घोषित कर दिया। डॉक्टरों के मुताबिक खून का अधिक रिसाव हो जाने के चलते गौरव की मौत हो गई। जबकि छात्रा दिव्यानी की हालत नाजुक है। दिव्यानी के गले में गहरा जख्म है। घटना की जानकारी दोनों के घर वालों को मिली तो वे रोते बिलखते अस्पताल पहुंचे। दिव्यानी के पिता प्रदीप जायसवाल का बैरहना में मेडिकल स्टोर है। बेटी को अस्पताल में जख्मी देखकर उनका रो रोकर हाल खराब था। वहीं गौरव के घर में कोहराम मचा रहा।
गौरव बनर्जी अपने मां-बाप का इकलौता बेटा था। अमिताभ पत्नी और बेटी के साथ दिल्ली गए हुए हैं। रात में उसके माता पिता इन दिनों दिल्ली में है। रात में रिश्तेदारों ने उन्हें घटना की जानकारी दी तो दिल्ली से इलाहाबाद के लिए चल दिए।
पतंग के मंझे से छात्र की मौत और छात्रा के घायल होने की घटना को लेकर घरवालों और रिश्तेदारों में खासा आक्रोश था। नाराज लोगों ने रामबाग स्थित अस्पताल के बाहर हंगामा भी किया। उनका आरोप था कि आए दिन नए पुल पर पतंगबाजी के चलते हादसा होता रहता है। इसके बाद भी पुलिस इन पर कोई कार्रवाई नहीं करती है। पुलिस की लापरवाही के चलते ही आज एक छात्र की मौत हो गई। लोगों का आरोप था कि चाइनीज मंझे से कई लोगों की जान जा चुकी है। फिर भी पुलिस प्रशासन नहीं चेता। नए पुल पर बाइक से स्टंट करने वाले और पतंगबाजों का जमावड़ा शाम होते ही लग जाता है। कुछ दिन पहले कीडगंज और नैनी पुलिस ने बाइक र्स के खिलाफ अभियान चलाया था, लेकिन पतंगबाजी करने वालों के खिलाफ कार्रवाई नहीं हुई।
घटना की जानकारी होने पर एसपी यमुनापार आशुतोष मिश्र मौके पर पहुंचे। तब तक वहां पतंगबाजी कर रहे लोग गायब हो चुके थे। एसपी यमुनापार ने आश्वासन दिया कि नए पुल पर पतंगबाजी करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। साथ ही प्रशासन से चाइनीज मंझे पर रोक लगाने के लिए लिखापढ़ी की जाएगी।
शहर में पतंग के मंझे से कई हादसे हो चुके हैं। लगभग पांच साल पहले पानी टंकी पुल पर स्कूटी से कालिंदीपुरम स्थित घर जा रही महिला के गले में मंझा फंसा गया था। गला कटने के चलते रेलवे कर्मी महिला की मौत हो गई थी। लगभग तीन माह पूर्व बैरहना इलाके में दो किशोर मंझे की चपेट में आने से घायल हो गए थे।