ग्रामीणों और वन विभाग के लिए सिरदर्द बना तेंदुआ अब भी पकड़ से बाहर है। वन विभाग के अधिकारी तेंदुआ पकड़ने के लिए पिंजड़ा व जाल लगाए इंतजार करते रह गए पर तेंदुआ उनके हाथ न आया।
बुधवार को वन विभाग के अधिकारी कर्मचारियों के साथ सैदाबाद क्षेत्र में गंगा नदी के किनारे कई गांवों में तेंदुए की तलाश की गई लेकिन उसकी लोकेशन नहीं मिली। आशंका है कि तेंदुआ नदी के किनारे किनारे किसी सुरक्षित स्थान की ओर चला गया है।
हनुमानगंज क्षेत्र के कछार में बाढ़ में बह कर आए तेंदुए ने वन विभाग के कर्मियों के साथ ही ग्रामीणों को परेशान कर रखा है। क्षेत्र के धनैचा, मलखानपुर, सुदनीपुर कला गांव होते हुए तेंदुआ मंगलवार को सैदाबाद इलाके के चौरा बडेरा गांव पहुंच गया था। तेंदुए की तलाश में जुटी वन विभाग की टीम ने जाल और पिंजड़ा लगाया था। लेकिन तेंदुआ हाथ न आया।
रेंजर फूलपुर लक्ष्मीकांत दुबे ने बताया कि बुधवार को तेंदुए की तलाश में आसपास के करीब 10 किलोमीटर में सर्च आपरेशन चलाया है पर कहीं भी तेंदुए के होने की पुष्टि नहीं हुई। नदी के किनारे से शायद वह मिर्जापुर के जंगल में सुरक्षित स्थान पर चला गया हो। लेकिन, अभी भी दोनों गांवों में जाल व पिंजड़ा लगाया गया है। साथ ही उसकी लोकेशन ट्रेस करने की कोशिश जारी है।