नैनी। अरैल गंगा घाट पर गंगा आरती करते स्वामी चिदानंद सरस्वती जी महाराज व अतिथि गण। स्रोत- समित
अरैल घाट स्थित परमार्थ त्रिवेणी पुष्प आश्रम में गंगा आरती में बुधवार को परमार्थ निकेतन, ऋषिकेश के पीठाधीश्वर स्वामी चिदानंद सरस्वती का आगमन हुआ।
स्वामी चिदानंद सरस्वती ने गंगा की स्वच्छता, संरक्षण और आध्यात्मिक महत्त्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि गंगा हम सबकी हैं और उनकी स्वच्छता एवं निर्मलता बनाए रखना हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है। गंगा की पूजा-अर्चना और आरती के साथ-साथ हमें उनके तटों को स्वच्छ रखने तथा उनके संरक्षण के लिए भी निरंतर प्रयास करना चाहिए।
उन्होंने कहा कि प्रयागराज की धार्मिक, सांस्कृतिक और आध्यात्मिक विरासत इसे विशिष्ट पहचान प्रदान करती है। गंगा आरती के इस आयोजन ने गंगा संरक्षण, आध्यात्मिक चेतना और प्रयागराज के पर्यटन विकास के संदेश को एक साथ प्रस्तुत किया। कार्यक्रम में न्यायमूर्ति अरुण टंडन, डीएम मनीष कुमार वर्मा, महापौर गणेश केसरवानी और नगर आयुक्त सीलम साई तेजा रहे।