दो दिन पूर्व मंगवाया था खाना
पुलिस के मुताबिक, तीन साल पहले कृपाल की शादी हुई थी। परिवार में पत्नी मधुबाला व दो साल का एक बेटा और एक साल की बेटी है। पत्नी दोनों बच्चों के साथ मायके में रहती है। पुलिस जांच में पता चला कि कमरे का दरवाजा अंदर से बंद था। वहीं, कृपाल ने दो दिन पूर्व चौकीदार से खाना मंगाया था।
पुलिस ने कब्जे में लिया मोबाइल फोन
घटनास्थल पर मिले मोबाइल फोन को पुलिस ने कब्जे में ले लिया है। पुलिस लाइन इंस्पेक्टर विनोद कुमार ने बताया कि करीब छह-सात महीने पहले कृपाल सिंह की लाइन में तैनाती हुई थी। उन्होंने बताया कि चार दिन पूर्व कृपाल सिंह ने एसआई भर्ती परीक्षा दी थी। इसके बाद से उसके बारे में कोई जानकारी नहीं मिली।
कमरा भीतर से बंद था। घटनास्थल से कोई सुसाइड नोट नहीं मिला है। प्रारंभिक जांच में शव दो दिन पुराना प्रतीत हो रहा है। मामले की जांच की जा रही है। - विद्युत गोयल, एसीपी, सिविल लाइंस।
2019 में भाई के साथ पुलिस में हुआ था भर्ती
थाना खैरगढ़ क्षेत्र के ग्राम निकाऊ निवासी सिपाही कृपाल सिंह की मौत की खबर प्रयागराज से आते ही परिवार में कोहराम मच गया। मृतक का शव लेने के लिए परिजन रवाना हो गए। शुक्रवार देर रात तक शव पैतृक गांव पहुंचने की संभावना है।
ग्राम निकाऊ निवासी कृपाल सिंह (28) वर्ष 2019 में अपने बड़े भाई ओमवीर के साथ पुलिस में भर्ती हुआ था। वर्तमान में वह प्रयागराज में तैनात था। पिता कैलाश चंद्र ने बताया कि बुधवार शाम को उनकी कृपाल से बात हुई थी, जिसके बाद उसका फोन नहीं लगा। बृहस्पतिवार सुबह करीब 11 बजे बड़े बेटे ओमवीर, जो प्रयागराज में ही तैनात है। उसने फोन पर सूचना दी कि कृपाल ने कमरे में फंदा लगा लिया है, जिससे उसकी मौत हो गई है। मृतक कृपाल सिंह तीन भाइयों में दूसरे नंबर का था।
उसकी पत्नी मधुबाला अपने 4 वर्षीय पुत्र गोलू और 1 वर्षीय पुत्री काव्या के साथ करीब एक सप्ताह से अपने मायके इटोली, शिकोहाबाद में रह रही थी। पति की मौत की खबर सुनते ही पत्नी और बच्चों पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। वह भी ससुराल आ गई। इधर, घटना की जानकारी मिलते ही निकाऊ स्थित पैतृक आवास पर ग्रामीणों की भारी भीड़ जमा हो गई। हर कोई इस घटना से स्तब्ध है। परिजन आत्महत्या के पीछे का कारण पता होने से मना कर रहे हैं।