यही हाल अशासकीय सहायता प्राप्त महाविद्यालयों का भी है। अशासकीय महााविद्यालयों में भी असिस्टेंट प्रोफेसर के 1017 पदों पर भर्ती के लिए आवेदन की प्रक्रिया अगस्त-2022 में पूरी हो चुकी है। पिछले साल और इस वर्ष जून में बड़ी संख्या में शिक्षकों के रिटायर होने के बाद सैकड़ों पद खाली हुए हैं। यह भर्ती भी अब नए शिक्षा सेवा चयन आयोग को करानी है, जिसका अब तक कोई अता-पता नहीं है।
युवा मंच के अध्यक्ष अनिल सिंह सहित रामबहादुर पटेल, अमित द्विवेदी, अजीत कुमार, ज्ञान प्रकाश सिंह, संजय तिवारी, कमलेश शर्मा आदि ने सीएम को ज्ञापन प्रेषित करते हुए मांग की है कि नए शिक्षा सेवा चयन आयोग को शीघ्र क्रियाशील किया जाए। साथ ही लोकसभा चुनाव की अधसूचना जारी होने से पहले प्राइमरी, माध्यमिक एवं उच्च शिक्षा में शिक्षकों के रिक्त पड़े सभी पदों पर भर्ती के लिए विज्ञापन जारी किए जाएं।
एलटी ग्रेड शिक्षक भर्ती भी अटकी
प्रदेश के राजकीय माध्यमिक विद्यालयों में एलटी ग्रेड शिक्षक के छह हजार से अधिक पद खाली हैं। इनका अधियाचन महीनों से उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग के पास पड़ा है। यह भी स्पष्ट है कि राजकीय माध्यमिक विद्यालयों में शिक्षक भर्ती लोक सेवा आयोग को ही करानी है। इसके बावजूद इन पदों पर भर्ती के लिए विज्ञापन जारी नहीं किया जा रहा। पिछले तीन माह में अभ्यर्थी कई बार इस मुद्दे पर आयोग में धरना-प्रदर्शन भी कर चुके हैं।