उत्तर प्रदेश में क्रिकेट के टैलेंट तलाशे जाएंगे। इसके लिए उत्तर प्रदेश क्रिकेट एसोसिएशन (यूपीसीए) ने व्यापक योजना बनाई है। हर जिले के क्रिकेट एसोसिएशन की ओर से ट्रायल सहित विशेष शिविर आयोजित किए जाएंगे। यह बातें भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) के उपाध्यक्ष और यूपीसीए के सचिव राजीव शुक्ला ने कहीं। वह यहां वर्किंग कमेटी की बैठक में हिस्सा लेने आए थे। सिविल लाइंस स्थित एक होटल में बैठक के बाद सचिव राजीव शुक्ला ने कहा कि जिला स्तर पर टैलेंट की तलाश करने के बाद उन्हें प्रशिक्षण के लिए कमला क्लब की ओर से संचालित गौर हरी सिंघानिया क्रिकेट अकादमी में प्रशिक्षण दिया जाएगा। प्रत्येक जिले से दो-दो टैलेंट तलाशे जाएंगे। अगर और प्रतिभाएं सामने आती हैं तो उन्हें भी आगे बढ़ने का मौका दिया जाएगा। टैलेंट को प्रशिक्षण कोच गोपाल शर्मा, शशिकांत खांडेकर, आशीष विस्टन जैदी द्वारा दिया जाएगा।
राजीव शुक्ला ने बताया कि क्रिकेट को प्रदेश में और बढ़ावा देने के लिए अंतरराष्ट्रीय स्तर का स्टेडियम बनाया जाएगा। इसके लिए गाजियाबाद, कानपुर, वाराणसी, आगरा में जमीन की तलाश की जा रही है। उन्होंने विश्वकप के लिए चुनी गई क्रिकेट टीम को बेहतर बताया और कहा कि टीम विश्वकप जीतेगी। उन्होंने रणजी में यूपी टीम के खराब प्रदर्शन पर चिंता जाहिर की। कहा कि प्रदर्शन की बेहतरी के लिए सीनियर सेलेक्शन कमेटी के चेयरमैन राजेंद्र सिंह को भेजा जाएगा। वह टीम के खराब प्रदर्शन का मूल्यांकन करेंगे। इसके पूर्व हुई बैठक में कई एजेंडों पर विचार किया गया। सदस्यों ने कई जरूरी परामर्श दिए। यूपीसीए की वर्किंग कमेटी की बैठक इलाहाबाद में पहली बार हुई है। इसके पहले यह बैठक कानपुर में ही होती रही है। पिछले दिनों पश्चिमी यूपी में आयोजित होने के बाद इस बार इलाहाबाद में बैठक आयोजित की गई। बैठक में राजीव शुक्ला के अलावा यूपीसीए के डायरेक्टर एवं उपाध्यक्ष मदन मोहन मिश्रा, ताहिर हसन, उपाध्यक्ष रियाकत अली, सोएब अहमद, बीएन तिवारी, केपी वर्मा, विजय गुप्ता सहित कमेटी के सदस्य मौजूद रहे।