आरपीएफ और रेलकर्मियों को करनी पड़ी मशक्कत
आरपीएफ और रेलकर्मियों को स्थिति संभालने के लिए खासी मशक्कत करनी पड़ी। कानपुर रूट की ट्रेनों में सबसे ज्यादा भीड़ रही। दूसरे शहरों से आने वाली ट्रेनों में भी काफी परीक्षार्थी सवार थे जिससे स्थानीय यात्रियों को भी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। प्रयागराज मंडल के पीआरओ अमित कुमार सिंह ने बताया कि कानपुर से प्रयागराज के बीच चार स्पेशल ट्रेनों का आवागमन हुआ। इसके अलावा बांदा से मानिकपुर, कानपुर से झांसी, हिसाब से अलीगढ़ एवं अलीगढ़ से हिसार के बीच भी स्पेशल ट्रेनों का संचालन हुआ। कानपुर से फतेहपुर जाने वाली मेमू को जंक्शन तक चलाया गया।
रोडवेज बसें रहीं ठसाठस, दूसरे जिलों से भी आती रही भीड़
यूपी रोडवेज की बसों का भी बुरा हाल रहा। शाम को विद्या वाहिनी मैदान स्थित बस स्टेशन पर भीड़ का दबाव बन गया। फतेहपुर, कानपुर, अयोध्या, वाराणसी, आजमगढ़ और जौनपुर रूटों पर चलने वाली बसें स्टैंड से ही पूरी तरह पैक होकर निकलीं। शहर में प्रवेश करने वाली बसों में भी परीक्षार्थियों की संख्या काफी अधिक रही, जिससे यातायात व्यवस्था पर भी असर पड़ा। इस दौरान विद्या वाहिनी से वाराणसी एवं गोरखपुर रूट की बसें चलने से परीक्षार्थियों को राहत मिली। क्षेत्रीय प्रबंधक रविंद्र कुमार सिंह ने बताया कि कई रूटों पर बसों के अतिरिक्त फेरे भी लगे। रविवार को भी बसों के अतिरिक्त फेरे लगेंगे।