जौनपुर से अपहृत आठवीं का छात्र अपहर्ताओं के चंगुल से भाग निकला। शनिवार को उसे एक डंपर में बैठाकर बालू घाट की तरफ ले जाया जा रहा था। रास्ते में किसी तरह डंपर से कूदकर भागा छात्र ग्रामीणों के जरिये सरायअकिल कोतवाली पुलिस के पास पहुंचा और अपने अपहरण की कहानी बताई। पुलिस ने छात्र के परिजनों को सूचना दे दी है। परिजन उसे लेने के लिए जौनपुर से कौशाम्बी के लिए निकल पड़े हैं।
जौनपुर कोतवाली के नईगंज निवासी अनिल दुबे एक समाचार पत्र के संपादक हैं। उनका 14 वर्षीय बेटा किशन दुबे शहर के सेंट जॉन पब्लिक स्कूल में आठवीं का छात्र है। छात्र किशन ने बताया कि 30 नवंबर को वह घर से कुछ सामान खरीदने बाजार की तरफ पैदल जा रहा था, तभी दो लोगों ने नशीला पदार्थ सुंघाकर उसे अगवा कर लिया। इसके बाद बदमाश उसे कहां ले गए, इसकी उसे कोई जानकारी नहीं है। शनिवार शाम चार बजे उसे होश आया तो खुद को उसने एक डंपर में पाया।
बताया कि डंपर चालक सरायअकिल के तिल्हापुर मोड़ के पास गाड़ी रोककर मोबाइल पर किसी को उसके बारे जानकारी दे रहा था। चालक की बात सुनते ही वह डंपर से कूदकर भागते हुए रुसहाई घाट पहुंचा और ग्रामीणों से आपबीती कही। यह भी बताया कि डंपर में तीन और लड़के सवार थे। ग्रामीणों की सूचना पर पहुंची पुलिस छात्र को लेकर थाने आ गई। पुलिस ने फोनकर इसकी खबर किशन के पिता को दी। थानाध्यक्ष विजय विक्रय सिंह ने बताया कि परिजन जौनपुर से निकल पड़े हैं। एसओ के मुताबिक किशन का इससे पहले भी 23 अक्तूबर को अपहरण हो चुका है।