विद्यालय में नौंवी का छात्र शुक्रवार को परीक्षा देने पहुंचा था। आरोप है कि प्रधानाचार्य उसे परीक्षा कक्ष से अपने चैंबर में ले गए। इस दौरान छात्र की पिटाई की गई। जिससे उसका हाथ टूट गया। आरोप है कि बाद में चैंबर से निकालकर उसे अन्य छात्र-छात्राओं के सामने खड़ा कर दिया गया। पिटाई के बाद से छात्र सदमे में है। इस संबंध में विद्यालय के प्रधानाचार्य का कहना है कि छात्र की एक किताब में किसी छात्रा के लिए अश्लील बातें लिखी गई थीं।
इसके लिए उसे डांट-फटकार लगाई गई थी। इसके बाद भी वह नहीं माना। दो दिन पहले भी उसने इस तरह की हरकत की। इस पर उसे ऑफिस में बुलाकर समझाया गया था। शनिवार देर शाम तक पुलिस से मामले की शिकायत नहीं की गई थी। झूंसी एसओ उपेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि उनकी जानकारी ऐसा कोई मामला नहीं है।