फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

UP : माफिया अतीक अहमद के वकील विजय मिश्र को STF ने किया गिरफ्तार, कोर्ट में पेश करने के बाद भेजा गया जेल

Sun, 30 Jul 2023 08:35 PM IST
विनोद सिंह अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज

सार

अतीक अहमद व अशरफ के अधिवक्ता विजय मिश्र को जेल भेज दिया गया। उस पर उमेश पाल हत्याकांड की साजिश में शामिल होने का आरोप है। सुबह ही उसे कोर्ट में पेश किया गया, जहां रिमांड मंजूर होने पर उसे नैनी जेल में दाखिल किया गया।
विज्ञापन
अतीक अहमद और विजय मिश्र एडवोकेट। फाइल फोटो - फोटो : अमर उजाला।
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

अतीक अहमद व अशरफ के अधिवक्ता विजय मिश्र को जेल भेज दिया गया। उस पर उमेश पाल हत्याकांड की साजिश में शामिल होने का आरोप है। सुबह ही उसे कोर्ट में पेश किया गया, जहां रिमांड मंजूर होने पर उसे नैनी जेल में दाखिल किया गया।

विज्ञापन


एक दिन पहले उसे लखनऊ के विभूति खंड, गोमती नगर स्थित होटल से हिरासत में लिया गया था। रविवार भाेर में प्रयागराज पुलिस उसे लेकर शहर पहुंची। सुबह 11 बजे के करीब उसे मजिस्ट्रेट के समक्ष पेश किया गया। यहां उमेश पाल हत्याकांड के विवेचक एसीपी धूमनगंज वरुण कुमार की ओर से कोर्ट को बताया गया कि अभियुक्त उमेश पाल हत्याकांड में आरोपी है और वांछित चल रहा है।









उस पर साजिश में शामिल होने का आरोप है। जिसके बाद कोर्ट ने रिमांड अर्जी स्वीकार करते हुए उसे न्यायिक हिरासत में भेजने का आदेश दिया। इसके बाद कड़ी सुरक्षा में उसे ले जाकर नैनी जेल में दाखिल कर दिया गया। डीसीपी नगर दीपक भूकर ने बताया कि उमेश पाल हत्याकांड में आरोपी वांछित चल रहा था। उसे गिरफ्तार कर लिया गया है।

विज्ञापन

कड़ी सुरक्षा के बीच अधिवक्ता विजय मिश्र को कोर्ट में पे्श किया गया। - फोटो : अमर उजाला

उमेश की लोकेशन देने का आरोप

सूत्रों का कहना है कि विजय को जिन साक्ष्यों के आधार पर उमेश पाल हत्याकांड में आरोपी बनाया गया है, उनमें से एक इस मामले में जेल में निरुद्ध अतीक के वकील रहे खान सौलत हनीफ का बयान भी है। तीन मई को खान सौलत हनीफ को धूमनगंज पुलिस ने कस्टडी रिमांड पर लिया था और इसी दौरान उसने अपने बयान में विजय मिश्र का नाम लिया था। सौलत ने आरोप लगाया था कि हत्या वाले दिन उमेश के कचहरी से निकलने की सूचना उसके सामने विजय ने अशरफ और असद को अपने फोन से इंटरनेट कॉल के जरिए दी थी। जबकि विजय ने इन आरोपों को बेबुनियाद बताया था।

विज्ञापन

विजय का अतीक से रहा बेहद करीबी नाता

विजय मिश्र मूलत: अतीक के भाई अशरफ के मुकदमे देखता था। कुछ मामलों में वह अतीक के भी कानूनी सलाहकार रहा और मुकदमों की पैरवी करता था। विजय मिश्र को अतीक का बेहद करीबी माना जाता रहा है। चर्चा यह तक थी कि उमेश पाल हत्याकांड के बाद साबरमती जेल में बंद अतीक का जो ऑडियो वायरल हुआ था, उसमें बात विजय मिश्र से ही हो रही थी। इसमें दावा किया गया था कि उमेश पाल हत्याकांड अभी नहीं कराना चाहिए था, क्योंकि उस वक्त विधानसभा का सत्र चल रहा था।

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें