सैम हिग्गिनबॉटम कृषि, प्रौद्योगिकी एवं विज्ञान विश्वविद्यालय के शोध छात्र ने प्रतिष्ठित व्हिटली अवार्ड्स 2021 जीतकर संस्थान और देश का गौरव बढ़ाया है। बता दें कि वाई. नुक्लू फोम, शुआट्स में डीएटीए अन्तर्गत क्रिश्चियन स्टडीज में शोध कार्य कर रहे हैं। उनके द्वारा जैव विविधता के क्षेत्र में किये जा रहे उत्कृष्ट कार्यों के लिए व्हिटली अवार्ड्स 2021 से सम्मानित किया गया। यह अवार्ड छह देशों के जैव संरक्षणवादियों को प्रदान किया गया। इसमें भारत से वाई नुक्लू फोम, दक्षिण अफ्रीका के लकी केम्प, ब्राजील के पेड्रो फ्रूट, अर्जेंटीना के किनी रोस्लर, नाइजीरिया के इरोरा तानशी और केन्या के सैमी सफारी शामिल हैं।
व्हिटली अवार्ड जमीनी स्तर पर संरक्षण के लिए दुनिया के प्रमुख पुरस्कारों में से एक है और हर साल, छह लोगों को सम्मानित किया जाता है। इसमें फंडिंग, प्रशिक्षण और प्रोफाइल प्रदान करने वाले प्रतिष्ठित पुरस्कार शामिल हैं।
प्रारम्भ में 107 उम्मीदवारों में से व्यापक मूल्यांकन के बाद 15 नामों को शॉर्टलिस्ट किया गया था, जिन्हें वन्यजीवों, आवासों और समाज के भविष्य की सुरक्षा के लिए समुदायों के साथ अविश्वसनीय काम करने के लिए पहचाना गया था। अंतिम चरण में 15 उम्मीदवारों में से, व्हिटली फंड फॉर नेचर के लिए छह फाइनलिस्ट चुने गये जिसमें शुआट्स, प्रयागराज के वाई. नुक्लू फोम भी शामिल थे। शुआट्स कुलपति मोस्ट रेव्ह. प्रो. राजेंद्र बी लाल ने शोध छात्र नुक्लू फोम को इस महान उपलब्धि के लिए बधाई दी।