चौकी प्रभारी रवि कटियार की तहरीर पर मुकदमा दर्ज किया गया। इसमें उन्होंने बताया कि रामनवमी जुलूस के दौरान मानेंद्र प्रताप सिंह ने अपने कुछ साथियों के साथ निर्धारित रूट से हटकर अचानक सिकंदरा स्थित मजार की तरफ तेजी से बढ़कर वहां धार्मिक झंडा फहराया। संप्रदाय विशेष को लेकर नारेबाजी भी की। डीसीपी गंगानगर कुलदीप सिंह गुनावत ने बताया कि रिपोर्ट दर्ज कर मुख्य आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया।
गाजी मियां की दरगाह की बढ़ाई गई सुरक्षा व्यवस्था
सिकंदरा स्थित गाजी मियां की दरगाह पर रविवार को भगवा झंडा लहाराने से उपजे विवाद के बाद दरगाह की सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी गई है। कस्बे में डेढ़ सेक्शन पीएसी के जवान और तीन थानों की पुलिस बल के साथ एसीपी फूलपुर पंकज लवानिया कैंप कर रहे हैं। हालांकि, माहौल पूरी तरह से शांत पूर्ण है। मामले को लेकर किसी भी पक्ष से कोई तहरीर नहीं दी गई है।
बहरिया के सिकंदरा कस्बा स्थित गाजी मियां की दरगाह पर प्रत्येक रविवार और बुधवार को रौजा मेला लगता है। इसमें हजारों की संख्या में हिंदू-मुस्लिम पहुंचते हैं। 23 मार्च से पुलिस-प्रशासन ने मेले पर रोक लगा रखी थी। इसके बावजूद ताला खुला होने पर कुछ स्थानीय लोग दरगाह पर आते रहे। रविवार को महाराजा सुहेलदेव सम्मान सुरक्षा मंच के कार्यकर्ता मानेंद्र प्रताप सिंह के नेतृत्व में भगवा झंडा लेकर दरगाह पर पहुंचे और नारेबाजी करने लगे।
रौजा मेला कमेटी के अध्यक्ष सफदर जावेद ने भी घटना को गलत बताया। कहा, कुछ बाहरी लोग सिकंदरा का महौल खराब करना चाहते हैं। उन्होंने पुलिस प्रशासन का सहयोग करने की बात कही है।
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