फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

वकीलों ने कचहरी में जड़ा ताला

Wed, 27 Jul 2016 01:23 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
विज्ञापन
सुम‌ित पांडेय हत्याकांड - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
विज्ञापन
अधिवक्ता सुमित पांडेय की हत्या के विरोध में मंगलवार को वकीलों ने कचहरी में तालाबंदी कर न्यायिक कार्य ठप कर दिया। उन्होंने मांगे पूरी होने तक आंदोलन जारी रखने की घोषणा की है। जिला जज के गेट पर एकत्र होकर आम सभा की और इस घटना की जांच सीबीआई से कराने की मांग की है। अदालतें न खुलने से जिला न्यायालय में न्यायिक कार्य ठप रहा, न्यायिक अधिकारी, कर्मचारी और अधिवक्ता परिसर में नहीं जा सके। दूरदराज से अपने मुकदमों की पैरवी को आए वादकारी वापस चले गए । जिला अधिवक्ता संघ ने आगे की रणनीति के लिए बुधवार को फिर आम सभा बुलाई है । आंदोलन शांतिपूर्ण चला है हालांकि एहतियातन कचहरी के आसपास पुलिस तैनात थी।
विज्ञापन

 
 संघ के अध्यक्ष राकेश कुमार तिवारी की अध्यक्षता में जिला जज गेट के सामने आम सभा हुइ। वकीलों ने अपनी पुरानी मांग 50 लाख रुपये मुआवजा, मृतक की पत्नी को नौकरी देने के अलावा सीबीआई जांच कराने की मांग भी जोड़ दी है। परिवार को सुरक्षा देने और वास्तविक अभियुक्त की गिरफ्तारी की मांग पर वह कायम है। आम सभा में वक्ताओं ने कहा है कि जब तक उनकी मांगें नहीं मानी जातीं आंदोलन जारी रहेगा। आम सभा के पूर्व अधिवक्ताओं ने जिला न्यायालय परिसर के चारों ओर स्थित गेटों पर ताला जड़ दिया, जिससे न्यायिक अधिकारी, कर्मचारी, वादकारी अंदर नही जा सके और अदालतों के दरवाजे नहीं खुले।

आम सभा में  संघ के पदाधिकारी और कार्यकारिणी सदस्यों के अलावा अधिवक्ता जगतपाल सिंह, उमाशंकर तिवारी, राजेंद्र श्रीवास्तव, कृष्ण बिहारी तिवारी, शीतला प्रसाद मिश्र, धारा सिंह, दिनेश श्रीवास्तव, हरि सागर मिश्र, गिरीश तिवारी, देवेंद्र मिश्र नगरहा, राजेंद्र प्रसाद मिश्र, भगवत पांडेय, वीरेंद्र शुक्ला, देवेश शुक्ला, संतोष यादव, कैलाश पटेल, राकेश दुबे, ललित ओझा, कुश पांडेय, सुशील सिंह, कृष्ण चंद्र मिश्र, अशोक सारस्वत, विजय द्विवेदी, अरुण उपाध्याय, प्रमोद सिंह नीरज, देव कांत शुक्ला, विनय शर्मा, बाल गोविंद मिश्रा, योगेश्वर पांडेय, अरुण पांडेय, वरुण सिंह, नीरज त्रिपाठी, राम अवध सरोज, टैक्स बार के राम नारायण द्विवेदी, मनोज पांडेय, देवेंद्र लारा, आदि बड़ी संख्या में अधिक्ता उपस्थित रहे है। अधिवक्ता संतोष पांडेय ने बताया कि जिला उपभोक्ता फोरम में न्यायिक कार्य नहीं हुआ। वहीं अमर नाथ दुबे ने बताया कि कमीश्नरी में भी काम ठप रहा। अधिवक्ता कल्याण समिति के महेंद्र नारायण, उमेश नारायण पाठक, सुभाष श्रीवास्तव आदि ने आंदोलन का समर्थन किया है।
विज्ञापन


सुमित पांडेय की हत्या के विरोध में कचहरी के वकीलों के आंदोलन को हाईकोर्ट के अधिवक्ता भी अपना समर्थन जारी रखेंगे। सोमवार को हुई हड़ताल के बाद हाईकोर्ट में मंगलवार को कामकाज सामान्य तरीके से हुआ। मगर हाईकोर्ट के वकीलों का कहना है कि कचहरी के वकीलों को उनका नैतिक समर्थन है और जब भी जरूरत पड़ेगी वह कंधे से कंधा मिलाकर सड़क पर उतरने को तैयार हैं। पूर्व उपाध्यक्ष विष्णु प्रताप पांडेय का कहना है कि वह कचहरी के वकीलों के लगातार संपर्क में हैं और जब भी जरूरत पड़ेगी हाईकोर्ट के अधिवक्ता सीधे आंदोलन में उतरेंगे।
विज्ञापन
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें