बौद्धिक देने के लिए 44 प्रशिक्षकों की सूची तैयार
बौद्धिक प्रशिक्षण के लिए प्रांत एवं अखिल भारतीय स्तर के पदाधिकारियों का वर्ग में प्रवास होगा। प्रवास की तिथियां पहले से ही तय कर दी गई है। बौद्धिक देने के लिए 44 प्रशिक्षकों की सूची तय की गई है इसमें दो केंद्रीय स्तर के पदाधिकारी शामिल हैं। प्रांत प्रचार प्रमुख ने बताया कि यह प्रशिक्षण वर्ग प्रतिवर्ष पूरे देश मे प्रांतों के अनुसार लगाया जाता हैं । कोरोना के चलते पिछले दो वर्षों तक यह प्रशिक्षण बाधित रहा।
प्रथम एवं द्वितीय वर्ष के प्रशिक्षण विभिन्न प्रांतों में आयोजित किए जाते हैं, जबकि तृतीय वर्ष का प्रशिक्षण नागपुर में दिया जाता है। काशी प्रांत में संघ शिक्षा वर्ग प्रथम वर्ष दो स्थानों पर शुरू हो रहा है। माधव ज्ञान केंद्र इंटर कॉलेज के अतिरिक्त मिर्जापुर जिले के चुनार जिला स्थित रामबाग में भी कार्यकर्ताओं को प्रशिक्षित किया जाएगा। इसमें आठ प्रशासनिक जिलों के कार्यकर्ता प्रशिक्षण प्राप्त करेंगे।
अपने लिए 23 तो राष्ट्र के लिए निकाले एक घंटा
राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ की माधव शाखा के वार्षिक उत्सव में सह सेवा प्रमुख राजेश प्रताप ने स्वयं सेवकों को संघ की स्थापना के उद्देश्य और शाखा की आवश्यकता पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि शाखा व्यक्ति निर्माण, चरित्र निर्माण, सामाजिक सद्भावना तथा राष्ट्र निर्माण की कार्यशाला है। प्रत्येक स्वयं सेवक दिन के 23 घंटे अपने लिए दे लेकिन एक घंटा वह राष्ट्र के नाम करें।
सलोरी में आयोजित वार्षिक उत्सव में सह सेवा प्रमुख राजेश ने कहा कि सरसंघचालक डॉ केशव राव बलि राम हेडगेवार ने कहा था कि जिस दिन शहरी क्षेत्र में तीन प्रतिशत और ग्रामीण क्षेत्र में एक प्रतिशत स्वयं सेवक हो जाएंगे तो भारत परम वैभव को प्राप्त कर विश्व गुरु के स्थान पर विराजमान होगा। उधर, वार्षिक उत्सव में स्वयं सेवक अपने गणवेश में शामिल हुए। इस अवसर पर नगर संघचालक कैलाशनाथ ने स्वयंसेवकों को लक्ष्य की प्राप्ति हेतु शुभकामनाएं दीं। कार्यक्रम में सह संघचालक शिव प्रताप, रवींद्र, हर्ष, दीपक, करुणा शंकर, अनिल, अंकुर. शेषमणि, कृष्णा, उत्कर्ष, अभिषेक, आशुतोष आदि मौजूद रहे।