फतेहगंज पश्चिमी। पहाड़ों पर हुई बारिश से रामगंगा नदी का जलस्तर बढ़ा है। फतेहगंज पश्चिमी के गांव गौतारा और गौंटिया में सिंचाई विभाग की ओर से बनाई गई पिचिंग भी बह गई है। पिछले दो दिनों में सैकड़ों बीघा फसल रामगंगा नदी में समा चुकी है।
करीब 90 लाख रुपये की लागत से सिंचाई विभाग ने यहां पिचिंग बनाई थी। ग्रामीणों ने बताया कि अधिकारियों ने मानक के अनुरुप निर्माण नहीं किया। इसी वजह से पिचिंग पानी में बह गई। उन्होंने बताया कि अब नदी तेजी से कटान कर रही है। किसान भूपेंद्र गंगवार की 20 बीघा जमीन नदी में समा गई। तुलसीराम, सीताराम, तेजराम, फूलचंद्र आदि की जमीन भी नदी में समा गई।
गुर्जर गौंटिया पहुंचे सिंचाई विभाग के अधिकारी
फरीदपुर। जलस्तर बढ़ने के बाद रामगंगा नदी तेजी से कटान कर रही है। गुर्जर गौंटिया में नदी आबादी से 100 मीटर की दूरी पर रह गई है। इससे ग्रामीणों में डर है। बुधवार को सिंचाई विभाग के अधिकारी गांव पहुंचे। किसानों ने बताया कि सैकड़ों बीघा कृषि भूमि नदी में समा गई है। अधिकारियों ने कटान रोकने के लिए जल्द ही बांध का निर्माण करने का आश्वासन दिया है। संवाद