एलएचबी रेक की खूबियांं
- एलएचबी रेक वाली ट्रेनें 160 से 180 किमी की रफ्तार से दौड़ सकती हैं।
- एलएचबी कोच की लंबाई 23.54 मीटर एवं आईसीएफ कोच की लंबाई 21.77 मीटर होती है।
- आईसीएफ के मुकाबले एलएचबी कोच की खिड़कियां बड़ी और चौड़ी होती है।
- ट्रेन चलने पर एलएचबी कोच की आवाज 60 डेसिबल तक जबकि आईसीएफ 100 डेसिबल तक आवाज करते हैं।
- हादसा होने पर आईसीएफ के मुकाबले एलएचबी रेक वाली ट्रेनों में जान माल का कम होता है नुकसान।
- कोच की लंबाई ज्यादा होने से स्लीपर, एसी थ्री, एसी टू कोच में रहती हैं ज्यादा बर्थ ।
कालिंदी एक्सप्रेस में बर्थ की संख्या
कोच की श्रेणी : आईसीएफ : एलएचबी
स्लीपर : 504 : 400
एसी थ्री : 128 : 360
एसी इकोनॉमी : उपलब्ध नहीं : 320
एसी टू कम एसी फर्स्ट : 36 : उपलब्ध नहीं
एसी टू : उपलब्ध नहीं : 104
‘भिवानी जाने वाली कालिंदी एक्सप्रेस अब एलएचबी रेक से लैस हो गई है। इसमें आरक्षित बर्थ की भी संख्या पहले के मुकाबले तकरीबन दो गुना बढ़ी है। एनसीआर की 34 ट्रेनों में अब एलएचबी रेक लग गया है। अब आईसीएफ वाली 15 ट्रेन ही रह गई हैं।’ - शशिकांत त्रिपाठी, सीपीआरओ, एनसीआर।