संदिग्ध गतिविधि दिखे तो तुरंत सूचित करें
पूर्व पुलिस महानिदेशक डॉ. सूर्यकुमार ने आशंका जताई है कि जिले में करीब 10 से 15 हजार घुसपैठी बांग्लादेशी हो सकते हैं, इसलिए सभी झुग्गी-झोपड़ियों में सत्यापन किया जा रहा है। ज्यादातर बांग्लादेशी कूड़ा उठाने, कपड़ा बेचने, मजदूरी करने, कबाड़ बेचने का काम करते हैं। ये लोग अधिकतर अपना ठिकाना रेलवे लाइन के किनारे या फिर नहर और तालाब के पास बनाते हैं। लोगों से अपील है कि अगर कोई संदिग्ध गतिविधि में दिखे तो तुरंत पुलिस को सूचित करें।
एसआईआर से दस्तावेज का सत्यापन
टीम को आशंका है कि कई लोगों ने यहां पर बसने के लिए फर्जी आधार कार्ड या फिर अन्य पहचान पत्र बनवाए होंगे, इसलिए सभी के आधार कार्ड को संबंधित जिलों में भेजकर जांच करवाई की जाएगी। वहीं, एसआईआर के माध्यम से भी दस्तावेज का सत्यापन किया जाएगा। डॉ. सूर्यकुमार ने बताया कि प्रयागराज के अलावा नोएडा, गाजियाबाद, अलीगढ़, मेरठ, लखनऊ, बरेली समेत अन्य शहरों में बांग्लादेशी ने अपना ठिकाना बनाया है।