सिविल लाइंस में कार की टक्कर से एडीएम नागरिक आपूर्ति के बेटे 12 वर्षीय हृदयांश की मौत के मामले में जल्द डॉक्टर को नोटिस जारी हो सकता है। 18 दिन बीतने के बाद भी डाॅक्टर ने न बयान दर्ज कराया है और न ही अपने उस ड्राइवर को पेश किया है, जो उनके मुताबिक घटना के वक्त कार चला रहा था।
मामले में सिविल लाइंस पुलिस वादी मुकदमा एडीएम नागरिक आपूर्ति विजय शर्मा व अन्य साक्षियों का बयान दर्ज कर चुकी है। अब कार मालिक डॉक्टर का बयान दर्ज किया जाना है। फिलहाल, अब तक वह बयान दर्ज कराने नहीं आए हैं। पुलिस जल्द उन्हें नोटिस भी जारी कर सकती है। नोटिस में उन्हें निर्देशित किया जाएगा कि जांच में सहयोग करते हुए वह अपना बयान दर्ज कराएं।
साथ ही उस ड्राइवर को भी पेश करें, जिसके संबंध में उन्होंने खुद पुलिस को बताया है कि घटना के दौरान कार वह ही चला रहा था। बताया जा रहा है कि उन्होंने ड्राइवर का नाम सत्यम बताया है। जिस कार की टक्कर से मासूम की मौत हुई, वह बेली अस्पताल में तैनात एक डॉक्टर की है। उनके भाई भी डॉक्टर हैं। थाना प्रभारी सिविल लाइंस रामाश्रय यादव ने बताया कि विवेचना चल रही है। सभी संबंधित पक्षों का बयान दर्ज करने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
अब तक क्या हुआ
नौ मई की रात सर्किट हाउस के ठीक सामने हुई थी घटना
रात में पिता संग टहलने निकले मासूम की तेज रफ्तार कार की टक्कर से हुई थी मौत।
जांच में कार बेली अस्पताल में तैनात डॉक्टर की होने की बात आई थी सामने।
पुलिस ने लखनऊ स्थित गैराज से बरामद की थी कार।
रविवार को पुलिस ने दर्ज किया था एडीएम का बयान।