प्रदेश के राजकीय एवं अनुदानित महाविद्यालयों और राज्य विश्वविद्यालयों के शिक्षकों को शोध कार्यों के लिए रिसर्च एंड डेवलपमेंट योजना के तहत अनुदान स्वीकृत किया गया है। इनमें प्रो. राजेंद्र सिंह (रज्जू भइया) राज्य विश्वविद्यालय एवं संघटक महाविद्यालयों के नौ शिक्षक भी शामिल हैं, जिन्हें नौ लाख 95 हजार 900 रुपये का अनुदान स्वीकृत किया गया है।
प्रोफेसर राजेंद्र सिंह (रज्जू भइया) राज्य विश्वविद्यालय में सामाजिक कार्य एवं दर्शनशास्त्र विभाग के प्रो. विवेक सिंह और डॉ. अविनाश कुमार श्रीवास्तव को 182000 और प्राचीन इतिहास विभाग के प्रो. राजकुमार को 182500 रुपये का अनुदान और एक लैपटाप स्वीकृत हुआ है। विश्वविद्यालय के ही प्राचीन इतिहास विभाग के प्रो. प्रशांत सिंह को 195000 रुपये का अनुदान स्वीकृत किया गया है।
वहीं, विश्वविद्यालय से संबद्ध कुलभाष्कर आश्रम पीजी कालेज में जंतु विज्ञान विभाग के डॉ. अनुराग त्रिपाठी को 75500, शारीरिक शिक्षा विभाग के डॉ. पवन पचौरी को 129200 और एग्रीकल्चर एक्सटेंशन विभाग के डॉ. जितेंद्र सिंह भदौरिया को 129200 रुपये के अनुदान मंजूर किए गए हैं। हेमवती नंदन बहुगुणा राजकीय पीजी कॉलेज, नैनी के इतिहास विभाग के डॉ. शिवाकांत त्रिपाठी को 86000 और सैदाबाद स्थित राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय में जंतु विज्ञान विभाग के डॉ. अशोक कुमार वर्मा को 192000 रुपये का अनुदान स्वीकृत किया गया है।