सूर्यग्रहण पर रविवार को स्नानार्थियों की भीड़ से बचने के लिए पुलिस ने संगम जाने वाले भी रास्तों को बैरिकेडिंग लगाकर बंद कर दिया। इससे ग्रहण स्नान के लिए निकले लोगों को बीच रास्ते से लौटना पड़ा। इस दौरान हर्षवर्धन चौराहा, दारागंज के अलावा अन्य मार्गों पर श्रद्धालुओं की पुलिस से किचकिच भी हुई।
कोविड-19 के संक्रमण की वजह से सामूहिकता वाले धार्मिक-सांस्कृतिक आयोजनों, यात्राओं और भीड़ लगाने पर रोक की वजह से ग्रहण लगने के बाद पुलिस ने संगम जाने वाले सभी रास्तों को बैरिकेडिंग लगाकर बंद कर दिया। इससे हजारों लोग संगम तक नहीं जा सके। बैरहना के अलावा अलोपीबाग, दारागंज सब्जी मंडी, श्मशान घाट की ओर से संगम जाने वाले रास्तों को पुलिस ने देर शाम तक बंद रखा।
दशाश्वमेध और नागवासुकि घाटों पर लगी डुबकी
प्रयागराज। संगम का रास्ता बंद होने की वजह से सैकड़ों लोगों ने दशाश्वमेध, नागवासुकि, शिवकुटी के अलावा बलुआ घाट पर डुबकी लगाई। दशाश्वमेध घाट पर स्नान के बाद पुरोहितों की चौकियों पर संकल्प भी दिलाए जाते रहे। इन घाटों पर स्नान के बाद दीपदान और अन्न, वस्त्र का भी दान किया जा रहा था। यहां जरूरतमंदों की टोलियां जगह-जगह बैठी नजर आईं।