कोरोना संक्रमित अपरिलक्षित लक्षणों (एसेम्टोमैटिक) वाले मरीजों को अब होटलों में रहकर स्वयं के खर्चे पर इलाज कराने की सुविधा मिलेगी। शहर के दो होटलों में 68 कमरों को कोविड मरीजों के लिए आरक्षित कर दिया गया है। स्वास्थ्य विभाग ने इन कमरों में रहने वालों के लिए डॉक्टरों की तीन टीमें गठित की हैं। जो तीन शिफ्ट में काम करेंगी। टीमों की ऑनकाल उपलब्धता होगी। इसके लिए उप मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. राहुल सिंह को नोडल अधिकारी बनाया गया है।
सीएमओ मेजर डॉ. जीएस बाजपेयी के मुताबिक शासन के निर्देश पर एसेम्टोमैटिक मरीजों के लिए होटलों में इलाज कराने की सुविधा मुहैया कराई जा रही है। होटल यात्रिक में 30 और होटल गैंड में 38 कमरे आइसोलेशन के लिए आरक्षित किए गए हैं।
होटलों के कमरों और इलाज पर आने वाले खर्च का वहन खुद करना होगा। उपचार का जिम्मा सरकारी डॉक्टरों पर होगा। इसके लिए 24 घंटे उपलब्धता के लिए आठ-आठ घंटे की तीन शिफ्टों में ड्यूटी लगाई गई है। मरीजों को दवाओं के साथ चिकित्सकीय देखरेख और परामर्श के एवज में निश्चित धनराशि का भुगतान करना होगा।
- होटलों में आइसोलेट होकर इलाज कराने वालों के लिए तीन चिकित्साधिकारियों के नेतृत्व में तीन टीमें मरीजों की देखरेख करेंगी। टीम में नर्स और फार्मासिस्ट भी शामिल किए गए हैं। -डॉ. राहुल सिंह, उप मुख्य चिकित्साधिकारी नोडल अधिकारी।