करेली के बक्शी मोड़ में लौटन निषाद की हत्या में नामजद चार आरोपियों की तलाश में पुलिस ने यमुनापार के कई गांवों में दबिश दी। बुधवार तड़के से ही पुलिस टीमें घूरपुर, लालापुर, बारा आदि थाना क्षेत्रों के कछारी गांवों में पहुंचीं। पुलिस का मानना है की लॉकडाउन होने की वजह से आरोपी कहीं दूर नहीं जा पाए होंगे। वे नदी पार कर कछारी इलाकों में स्थित गांवों में ही छिपे होंगे। पुलिस की दो टीमें कौशांबी और प्रतापगढ़ में भी गईं हैं।
लौटन निषाद की हत्या ने में परिवार वालों ने मुख्य आरोपी मो. सोना नौशाद समेत 10 लोगों को नामजद किया था। इसके अलावा भी तकरीबन आधा दर्जन अज्ञात लोगों के खिलाफ भी मुकदमा दर्ज किया गया था। पुलिस में इस मामले में मो. सोना, पूर्व प्रधान नौशाद, सादिक और शेबू को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। इसके बाद करेली के हिस्ट्रीशीटर नौशाद पुत्र हाकिम, जाकिर अली नूर, अख्तर शादाब और फारूख की तलाश में दबिश दी जा रही है। एसपी सिटी ने बताया की लॉकडाउन होने की वजह से आरोपी कहीं दूर नहीं गए होंगे। आशंका यही है कि वह नदी पार कर यमुनापार के गांवों में छिपे होंगे। बुधवार को घूरपुर, लालापुर, बारा और नानी के कछारी इलाकों में कई जगह दबिश दी गई।
पुलिस आरोपियों के रिश्तेदारों और जान पहचान वालों के यहां उन्हें खोज रही है। मोबाइल लोकेशन से भी उनके बारे में पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है। पुलिस की दो टीमें कौशांबी और प्रतापगढ़ के लिए भी रवाना हुई हैं। दरअसल आरोपियों की रिश्तेदारी कौशांबी और प्रतापगढ़ में भी है। ऐसे में पुलिस उनके रिश्तेदारों के यहां भी दबिश दे रही है। एसपी सिटी ने बताया की आरोपियों को जल्द पकड़ लिया जाएगा। उनके कई रिश्तेदारों और दोस्तों से पूछताछ हो रही है कि वह आखिर कहां छुप सकते हैं। बक्शी मोड़ा में पुलिस ने बुधवार को दबिश दी लेकिन वहां अधिकांश घरों में आज भी ताला लगा हुआ था।