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सिर्फ नौ फीसदी जरूरतमंदों को राहत पैकेट

Mon, 04 Jul 2016 02:19 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
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सीएम अखिलेश यादव की ओर से इलाहाबाद में यमुनापार इलाके को बुंदेलखंड जैसा राहत पैकेज दिए जाने की घोषणा के बाद प्रशासन ने इसके तहत राहत पैकेट बंटवाने की तैयारी कर ली है। टेंडर भी हो गया है, लेकिन यह राहत कुछ गिनेचुने गरीब परिवारों को ही मिलेगी। वह भी तब, जब सूखा बीत गया और बारिश शुरू हो गई। योजना थी कि सभी अंत्योदय कार्डधारकों को इसका लाभ मिलेगा। शासन ने इसके लिए अभी सिर्फ एक करोड़ रुपये ही जारी किए हैं और इस रकम से महज नौ फीसदी जरूरतमंदों को ही राहत पैकेट मिल सकेंगे।
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इलाहाबाद जिले में 88 हजार 108 अंत्योदय कार्डधारक हैं। इनमें से 41 हजार 358 कार्डधारक यमुनापार स्थित करछना, कोरांव, मेजा और बारा तहसील में रहते हैं। अंत्योदय कार्ड उन्हीं परिवारों को जारी किए जाते हैं, जिन्हें एक वक्त की रोटी भी मुश्किल से मयस्सर होती है। हालांकि जब राहत पैकेट बंटवाने की बात आई तो प्रशासन को 41 हजार 358 कार्डधारकों में कई फर्जी नजर आने लगे। इनकी जांच के लिए आपूर्ति एवं राजस्व विभाग की एक संयुक्त टीम भी गठित कर दी गई। हालांकि इस टीम ने अभी अपनी रिपोर्ट नहीं दी है कि अंत्योदय कार्डधारकों में कितने परिवार राहत पैकेट के लिए पात्र हैं। 

शासन ने अभी इसके लिए अभी एक करोड़ रुपये ही जारी किए हैं, सो प्रशासन ने टेंडर प्रक्रिया पूरी करते हुए ठेकेदार को 3736 राहत पैकेट तैयार करने के निर्देश दिए हैं। यह संख्या यमुनापार के कुल अंत्यादेय कार्डधारकों की महज नौ फीसदी है। ऐसे में 81 फीसदी कार्डधारकों को फिलहाल कोई राहत नहीं मिलने जा रही है। एडीएम वित्त एवं राजस्व राम सहाय यादव का कहना है कि अंत्यादय कार्डधारकों में पात्रों का चयन करने के लिए सर्वे किया जा रहा है। एक-दो दिन में सर्वे रिपोर्ट आते ही पैकेट का वितरण शुरू करा दिया जाएगा। अभी जो रकम मिली है, उससे 3736 पैकेट तैयार किए जाएंगे। बाकी के लिए शासन को अलग से डिमांड भेजी जाएगी।
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तय नहीं कि कब तक मिलेगी राहत
राहत पैकेट बंटवाने का फरमान तो शासन ने जारी कर दिया लेकिन शासनादेश में इस बात का कोई उल्लेख नहीं है कि इस राहत का वितरण कब तक होगा। वंचित परिवारों को राहत पैकेट मिलेंगे या नहीं, इस पर भी कोई निर्णय नहीं लिया गया है।

पराग ब्रांड को मिलेगी वरीयता
राहत पैकेट में शुद्ध देशी घी और मिल्क पाउडर भी शामिल है। जिलाधिकारी संजय कुमार की ओर से आदेश जारी किए गए हैं कि राहत पैकेट में पराग ब्रांड के शुद्ध देशी घी और मिल्क पाउडर को ही वरीयता दी जाएगी। अपरिहार्य स्थिति में ही अन्य ब्रांड स्वीकार्य होंगे।
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क्या-क्या होगा राहत पैकेट में
सामग्री-मात्रा
आटा-10 किलोग्राम
आलू-25 किलोग्राम
चने की दाल-पांच किलोग्राम
सरसों तेल-पांच लीटर
शुद्ध देशी घी-एक किलोग्राम
मिल्क पाउडर-एक किलोग्राम
चावल-10 किलोग्राम (अच्छी क्वालिटी) सामान्य चावल
चीनी-एक किलोग्राम
नमक-एक किलोग्राम (आयोडीनयुक्त)
हल्दी-200 ग्राम
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