वर्ष 2004 में नए यमुना पुल का निर्माण कराया गया था। 1.6 किमी लंबे पुल का निर्माण हिंदुस्तान कंस्ट्रक्शन कंपनी और जर्मनी की हुंडई इंजीनियरिंग ने संयुक्त रूप से किया था। अफसरों के मुताबिक फोर लेन नया यमुना सेतु आधुनिक डिजाइन के कारण हर किसी को आकर्षित करता है। इसमें कंक्रीट से बने दो पिलर हैं, जो स्टील केबलों के सहारे इस पुल की छत को सहारा देते हैं। केबल के सहारे टिके इस पुल से मिर्जापुर, मध्य प्रदेश की ओर प्रतिदिन हजारों वाहन गुजरते हैं।
नए यमुना सेतु की मरम्मत का काम एक जून से शुरू करा दिया जाएगा। इसकी तैयारी कर ली गई है। इसमें तीन महीने से अधिक समय लग सकता है। बेयरिंग बदलने और नए एक्सपेंशन ज्वाइंट लगाने के साथ ही सेतु के क्षतिग्रस्त हिस्से की मरम्मत पूरी कराकर बैरिकेडिंग हटा दी जाएगी। - पंकज मिश्र, क्षेत्रीय परियोजना निदेशक, एनएचएआई।