रामेश्वर द्वीप को जोड़ने के लिए मंडपम से पंबन तक बनाए गए न्यू रेलवे ब्रिज का दीदार लाखों श्रद्धालु महाकुंभ मेले में कर सकेंगे। रेलवे की ओर से लगाई जाने वाली प्रदर्शनी में इस ब्रिज का वर्किंग मॉडल रखा जाएगा। इस पुल की क्या खासियत है, कितनी लागत से इसका निर्माण हुआ, ऐसी तमाम जानकारियां इस मॉडल से लोगों को मिलेंगी।
महाकुुंभ के मौके पर परेड मैदान में उत्तर मध्य रेलवे का शिविर लगाया जा रहा है। इसका निर्माण कार्य भी शुरू हो गया है। इस शिविर में रेलवे की ओर से प्रदर्शनी लगाई जा रही। जहां श्रद्धालु जान सकेंगे कि इस अगर पुल के नीचे से कोई बड़ा जहाज निकलता है तो पुल को ऊपर कैसे उठाया जाता है। वह इस वर्किंग मॉडल के माध्यम से दिखाया जाएगा।
इस बार प्रदर्शनी में देश के पहले वर्टिकल लिफ्ट रेलवे सी ब्रिज ‘न्यू पंबन ब्रिज’ का वर्किंग मॉडल रखा जाएगा। इस पुल के गर्डर 72.5 मीटर की ऊंचाई तक पहुंच सकते हैं, जिससे समुद्र से निकलने वाले जहाजों की आवाजाही हो सके।
भारतीय रेलवे की तमाम उपलब्धियां भी होर्डिंग और कट आउट के माध्यम से दिखाई जाएंगी। दिल्ली से श्रीनगर के बीच चलने वाली देश की पहली स्लीपर वंदे भारत की तस्वीरें व खूबियां भी प्रदर्शनी में होंगी। भारतीय रेलवे के इंजनों के अब तक के सफर को भी दिखाया जाएगा। इसकेे अलावा शताब्दी एक्सप्रेस कब शुरू हुई, देश में पहली रेल कब चली समेत तमाम जानकारियां भी प्रदर्शनी में उपलब्ध रहेंगी।