फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Navodaya Vidyalaya Exam : मास्टरमाइंड का कई राज्यों में नेटवर्क, परीक्षा केंद्र से आउट करता था पेपर

Wed, 21 May 2025 02:25 PM IST
विनोद सिंह अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज

सार

नवोदय विद्यालय समिति की लैब अटेंडेंट और जूनियर क्लर्क भर्ती परीक्षा में नकल कराने वाले गिरोह का पर्दाफाश होने के बाद अब इस रैकेट से जुड़े और गहरे तार सामने आ रहे हैं। जांच में सामने आया है कि इस पूरे गिरोह का मास्टरमाइंड बच्चा यादव सोरांव का नहीं, बल्कि प्रयागराज के बहरिया क्षेत्र का रहने वाला है।
विज्ञापन
नवोदय विद्यालय क्लर्क परीक्षा में नकल कराने के आरोप में गिरफ्तार सॉल्वर। - फोटो : अमर उजाला।
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

नवोदय विद्यालय समिति की लैब अटेंडेंट और जूनियर क्लर्क भर्ती परीक्षा में नकल कराने वाले गिरोह का पर्दाफाश होने के बाद अब इस रैकेट से जुड़े और गहरे तार सामने आ रहे हैं। जांच में सामने आया है कि इस पूरे गिरोह का मास्टरमाइंड बच्चा यादव सोरांव का नहीं, बल्कि प्रयागराज के बहरिया क्षेत्र का रहने वाला है।

ठेकेदारी के व्यवसाय की आड़ में उसने देश के कई राज्यों में अपना नेटवर्क फैला रखा है। इसी नेटवर्क की बदौलत उसने कई भर्ती परीक्षाओं में भी सेंध लगाई।केंद्र प्रबंधकों की मिलीभगत : एसटीएफ और पुलिस की जांच में खुलासा हुआ है कि बच्चा यादव की कुछ परीक्षा केंद्र प्रबंधकों से गहरी साठगांठ है। इसी सेटिंग की मदद से वह परीक्षा शुरू होने के कुछ समय बाद प्रश्नपत्र हासिल कर लेता है। इसके बाद अपने अनुभवी सॉल्वरों से तत्काल प्रश्नपत्र हल कराता है और उत्तरकुंजी तैयार करवाता है। इस उत्तरकुंजी को वह अपने गिरोह के प्रमुख सहयोगियों सूरज मौर्य, शंभू और अरविंद यादव को भेजता था।

विज्ञापन

ब्लूटूथ डिवाइस के जरिये होती है नकल

उत्तरकुंजी प्राप्त करने के बाद गिरोह के सदस्य देशभर के परीक्षा केंद्रों पर पहले से तैनात परीक्षार्थियों को ब्लूटूथ डिवाइस के माध्यम से उत्तर बताते हैं। यह पूरा काम इतनी सफाई से किया जाता है कि कई बार केंद्र पर मौजूद स्टाफ को भी इसकी भनक नहीं लगती। यह बात पहले ही सामने आ चुकी है कि एनवीएस परीक्षा के दौरान प्रयागराज के साथ वह लखनऊ सिक्किम और दिल्ली के केंद्रों पर भी परीक्षार्थियों को ब्लूटूथ डिवाइस के जरिये नकल कराई गई थी।

विज्ञापन

आलोक सिंह। - फोटो : अमर उजाला।

बच्चा यादव की तलाश तेज, पुलिस की दबिश जारी

मंगलवार को सरायइनायत पुलिस ने बच्चा यादव की गिरफ्तारी के लिए उसके कई संभावित ठिकानों पर दबिश दी, लेकिन देर रात तक उसे पकड़ने में सफलता नहीं मिली। पुलिस का मानना है कि बच्चा यादव के पकड़े जाने के बाद नकल माफिया का एक बहुत बड़ा और संगठित नेटवर्क उजागर हो सकता है, जो देशभर की परीक्षाओं को प्रभावित कर रहा है। डीसीपी गंगानगर कुलदीप सिंह गुनावत ने बताया कि मास्टरमाइंड की तलाश की जा रही है। उसके हर संभावित ठिकाने पर दबिश दी जा रही है। जल्द ही उसे गिरफ्तार किया जाएगा।

पुलिस और एसटीएफ सतर्क, नेटवर्क का खाका तैयार

एसटीएफ लखनऊ के सूत्रों के मुताबिक, बच्चा यादव का नेटवर्क सिर्फ उत्तर प्रदेश तक सीमित नहीं है। वह दिल्ली, बिहार, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ जैसे कई राज्यों में भी सक्रिय है। उसकी संलिप्तता वाले कई केंद्रों की जांच की जा रही है और जिन केंद्र प्रबंधकों से उसकी सेटिंग की आशंका है, उनके खिलाफ भी कार्रवाई की तैयारी की जा रही है।

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें