नवाबगंज में युवक की ईंट पत्थर से कूंचकर हत्या
दोस्तों पर आरोप, तीन के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज, तीनों फरार
नवाबगंज (प्रयागराज)। नवाबगंज के कजिया गांव में रविवार की रात घर से मेला देखने के लिए निकले एक युवक की ईंट पत्थर से कूंचकर हत्या कर दी गई। सोमवार की दोपहर उसका शव घर से आधार किलोमीटर दूर खेत में मिला। घर वालों ने युवक के तीन दोस्तों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई है। तीनों अपने घरों से फरार हैं।
नवाबगंज के कजिया गांव का रहने वाला विनय पटेल उर्फ रमेश (25) घर में रहकर खेती किसानी करता था। रविवार की रात वह हथिगहां का दशहरा का मेला देखने के लिए गांव के रहने वाले अपने दोस्त सत्यम शर्मा के साथ निकला था। वह रात भर नहीं आया तो परिजन घबरा गए। वह सत्यम के घर पहुंचे, लेकिन वह भी रात से नहीं आया था। सभी दोस्तों के यहां उसकी तलाश हुई। पता चला कि रात में उसे सत्यम, संतोष और सकीले के साथ देखा गया था। संतोष और सकीले भी अपने घरों में नहीं थे। परिजन उसे दिन भर ढूंढते रहे। दोपहर बाद घर से आधा किलोमीटर दूर राजकुमार सिंह के खेत में विनय की लाश बरामद र्हइु। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। भाई राजेश की तहरीर पर विनय के दोस्तों सत्यम शर्मा, संतोष पटेल और सकीले के खिलाफ हत्या की रिपोर्ट दर्ज कर ली गई। पुलिस ने तीनों की तलाश में दबिश दी लेकिन वे नहीं मिले। इंस्पेक्टर नवाबगंज ने बताया कि तहरीर के मुताबिक तीन दिन पहले मोबाइल को लेकर विनय का उसके दोस्तों के साथ झगड़ा हुआ था। इसी कारण उन्होंने रमेश को मार दिया।
बाग में की हत्या, मिली शराब की बोतलें और खून का निशान
नवाबगंज (प्रयागराज)। विनय की लाश भले ही खेत में मिली हो लेकिन उसे पास में ही एक बाग में मारा गया। पुलिस ने वह जगह ढूंढ ली है। वहां पर शराब की बोतलें, ग्लास और खून के निशान मिले हैं। फोरेंसिक टीम ने सुबूत इकट्ठे किए। गांव वालों ने बताया कि विनय भी नशे का लती था। उसे अक्सर इसी बाग में दोस्तों के साथ देखा जाता था।
भाभी ने बचपन से पाला, रोते रोते बेहोश हुई
नवाबगंज (प्रयागराज)। विनय के माता-पिता की मौत हो चुकी थी। वह जब चार साल का था, उसकी मां की मौत हो गई। उसके बड़े भाई राजेश पटेल की पत्नी शांति ने ही उसे मां बनकर पाला था। सोमवार को जब विनय की हत्या की खबर शांति को मिली तो वह बदहवास हो गई। वह रोते रोते अचेत हो गई। किसी तरह से उसे संभाला गया। विनय की बहनों बाला, कुसुम और कंचना के आंसू नहीं रुक रहे थे। वह तीन भाइयों में सबसे छोटा था।