पूरे देश में अगले 21 दिनों तक लॉकडाउन होने की प्रधानमंत्री की घोषणा के बाद हड़कंप मच गया। लोग राशन व जरूरत का अन्य सामान लेने दुकानों की ओर भागे जिसके बाद वहां भीड़ जमा हो गई। कई जगहों पर स्थिति मारामारी की हुई तो पुलिस को दुकानें बंद करानी पड़ीं।
रात आठ बजे प्रधानमंत्री के संबोधन के बाद जिले में कई जगहों पर किराना की दुकानों पर बड़ी संख्या में लोगोें का जुटना शुरू हो गया। देखते ही देखते वहां भीड़ जुट गई और सामान लेने के लिए मारामारी मच गई। हालांकि पीएम ने अपने संबोधन में यह भी कहा था कि जरूरी सामान की दुकानें खुली रहेंगी। लेकिन फिर भी आशंका के चलते लोग भयभीत हो गए। एलनगंज में रहने वाले सतीश द्विवेदी ने बताया कि लॉकडाउन की घोषणा होने के बाद लोग पास ही स्थित किराने की दुकान पर जुटने लगे।
देखते ही देखते वहां बड़ी संख्या में लोग जुट गए और वहां पांव रखने की भी जगह नहीं रही। सामान लेने में भी मारामारी होने लगी। इसी दौरान सूचना मिलने पर पुलिस पहुंची और फिर मौके की हालत देखते हुए दुकान बंद करा दी। पुलिस ने समझाया कि जरूरी सामान की दुकानें खुली रहेंगी। लेकिन लोग मानने को तैयार नहीं थे। किसी तरह समझाकर उन्हेें घर भेजा गया।
कुछ इसी तरह का माहौल अल्लापुर में दिखाई दिया। यहां के लोगों ने बताया कि प्रधानमंत्री की घोषणा के बाद अचानक से सब्जी मंडी में खरीदारों की भीड़ बढ़ गई। हालात ऐसे हुए कि पहले सब्जी खरीदने को लेकर लोगों के बीच नोकझोंक की भी नौबत आ गई। उधर सब्जी मंडी में भीड़ बढ़ने की जानकारी मिलते ही पुलिस अफसरेां के हाथ-पांव फूल गए। जिसके बाद तुरंत मौके पर जार्जटाउन थाने की फोर्स भेजी गई। जिसने हालत को भांपते हुए दुकानें बंद करा दीं और किसी तरह समझाकर लोगों को घर भेजा।
उधर अफवाहों के चलते एटीएम व मेडिकल स्टोर के बाहर भी बड़ी संख्या में ग्राहक जुट गए। अल्लापुर में कई दवा की दुकानों पर लोग महीने भर की दवाएं खरीदते नजर आए। यही नहीं एहतियातन सामान्य बीमारियों में प्रयोग की जाने वाली दवाएं भी दुकान संचालकों से मांगी जाती रहीं। इसी तरह एटीएम के बाहर भी देर रात तक लाइनें लगी रहीं।