एडीए और नगर निगम पर मनमानी का आरोप लगाते हुए शुक्रवार को व्यापारी सड़क पर उतर आए। दिन में दो बजे तक सिविल लाइंस बाजार बंद रहा। सुभाष चौराहे पर धरना-प्रदर्शन के बाद हुई सभा में व्यापारी और व्यापार मंडल के नेता खूब गरजे। व्यापारियों ने सभा स्थल से बाजार में तख्तियां लेकर मौन जुलूस भी निकाला। सभा स्थल पहुंचे व्यापारियों, व्यापार मंडल के पदाधिकारियों ने सीएम को संबोधित 12 सूत्री ज्ञापन डीएम के प्रतिनिधि सिटी मजिस्ट्रेट को सौंपा।
सिविल लाइंस में दो दिन पहले एमजी मार्ग पर एडीए और नगर निगम के अफसरों ने मजिस्ट्रेट की मौजूदगी में कई व्यापारियों पर जुर्माना लगाया था। व्यापारियों का कहना है कि कार्रवाई बिना किसी सूचना के की गई। सिविल लाइंस व्यापार मंडल के अध्यक्ष सुशील खरबंदा, महामंत्री शिवशंकर सिंह, सरदार जोगेंदर सिंह, विजय अरोरा आदि ने इस कार्रवाई को व्यापारियों का उत्पीड़न करार देते हुए शुक्रवार को बाजार बंदी का एलान किया था। सुबह से दोपहर दो बजे तक चार घंटे की सांकेतिक बंदी रही। महात्मा गांधी मांर्ग, सरदार पटेल मार्ग, नवाब यूसुफ रोड, एल्गिन रोड पर इक्का दुक्का छोड़कर सभी दुकानें, होटल, मॉल, इलेक्ट्रानिक्स शो रूम और कई बड़ी कंपनियों के शोरूम तक बंद रहे।स्ट्रीट वेंडरों के दुकान न लगाने से लोग चाय-पान को तरस गए।
सिविल लाइंस व्यापार मंडल के बैनर तहत सुभाष चौराहे पर सुबह से एकत्र व्यापारियों ने 12 बजे तक धरना दिया। व्यापारी उत्पीड़न बंद करो, पुलिस गश्त तेज हो, हमारी समस्याओं का निवारण हो आदि नारों लिखीं तख्तियां लेकर प्रदर्शन के बाद सभा हुई। सभा में व्यापारी नेताओं ने एक स्वर में एडीए-नगर निगम की कार्यशैली पर सवाल उठाए। कहा कि कई बार सूचना के बाद भी न तो पार्किंग की व्यवस्था है, न ही वेंडिंग जोन बनाया जा सका है। कभी सीलिंग तो कभी सुंदरीकरण और अब चौड़ीकरण संग स्वच्छता के नाम पर व्यापारियों का उत्पीड़न कि या जा रहा है। व्यापारी चाहते हैं कि कार्रवाई से पहले व्यापार मंडल को इसकी सूचना दी जाए। सफाई, बिजली, टैक्स, पॉर्किंग समेत अन्य मुद्दों पर व्यापारियों को सुविधाएं दी जाएं। एलान किया कि अफसरों ने मनमानी बंद नहीं की तो शहर के सभी बाजारों में बंदी की जाएगी।
सभा को अध्यक्ष सुशील खरबंदा, शौकत अली, कादिर भाई, विनोद चंद्र दुबे समेत अन्य व्यापारी संगठनों के पदाधिकारियों ने संबोधित किया। अध्यक्षता सरदार जोगेंदर सिंह और संचालन महामंत्री शिवशंकर सिंह ने किया। सभा स्थल पर पहुंचे सिटी मजिस्ट्रेट अशोक कन्नौजिया, एसीएम प्रथम रिंकी जायसवाल, एसपी सिटी, सीओ आदि अफसरों ने पहुंचकर सिविल लाइंस व्यापार मंडल के पदाधिकारियों से मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन लिया। सिटी
मजिस्ट्रेट ने बताया कि उन्हें जिलाधिकारी सुहास एलवाई ने भेजा है। उनकी समस्याएं स्तर पर ही हल की जाएंगी। आगे से किसी भी कार्रवाई से पहले व्यापार मंडल को सूचना देकर उनके प्रतिनिधि को शामिल किया जाएगा। विरोध प्रदर्शन और सभा में आशीष अरोड़ा, विशाल कन्नौजिया, अभिषेक सिंह, निशांत गांधी, अमित सिंह, राहुल अग्रवाल, राजेश अग्रवाल, अजीत सिंह, पार्षद आनंद घिल्डियाल, पूर्व पार्षद शिवसेवक सिंह, अशोक सिंह समेत सैकड़ों व्यापारी मौजूद रहे।
स्वच्छ सर्वेक्षण अभियान के दौरान व्यापारियों को जोड़ने के लिए नगर निगम ने जिन व्यापारियों को स्वच्छता का ब्रांड एंबेसडर बनाया, सदन हाल में समारोह आयोजित कर उन्हें सम्मानित किया, अब उन पर कार्रवाई की जा रही है। कामधेनु स्वीट्स के इंदर मध्यान ने मानक के मुताबिक लगाए गए फोल्डिंग शेड को अतिक्रमण मानकर दस हजार रुपये जुर्माना वसूल करने को उत्पीड़न बताया है। उन्होंने अपर नगर आयुक्त ऋतु सुहास से अपनी पीड़ा बताई। उन्होंने कहा कि नियम के तहत काम करने वालों के नगर निगम और एडीए के अफसर परेशान कर रहे हैं। इस बारे में महापौर अभिलाषा गुप्ता से भी व्यापारी मुलाकात करेंगे।