हनुमानगंज बाजार में लगी वाहनों की कतार।
- फोटो : अमर उजाला।
रेलवे, ट्रैफिक डायवर्जन, पार्किंग समेत विभिन्न प्रक्रियाओं को पूरा करने के लिए विधिवत प्लान तैयार कर धरातल पर उतारा जा रहा है। इसे समुचित तरीके से लागू करने और श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े इस बात को सुनिश्चित करने के लिए अधिकारियों ने सक्रियता बढ़ा दी है। डीएम ने बताया कि श्रद्धालुओं से भी व्यवस्था की बाबत फीडबैक लिए जा रहे हैं। ताकि, योजनाएं लागू करने में मदद मिले।
सीएम खुद रख रहे निगरानी
स्थानीय लोगों, श्रद्धालुओं सभी का अनुभव अच्छा रहे इसके लिए खुद सीएम योगी लगातार मॉनिटरिंग कर रहे हैं। ऐसे में, पड़ोसी जिलों के साथ समन्वय व तालमेल स्थापित किया जा रहा है। डीएम ने बताया कि कहीं पर भी डायवर्जन को लागू करने के लिए डीएम, एसपी से भी लगातार संवाद बना हुआ है।
ट्रैफिक दुरुस्त रखने का जिम्मा एक एडीजी, पांच आईजी पर
महाशिवरात्रि पर ट्रैफिक व्यवस्था दुरुस्त रखने के लिए एक एडीजी व पांच आईजी स्तर के अधिकारियों को मैदान में उतारा गया है। यह अफसर प्रयागराज की ओर आने वाले सात अलग-अलग मार्गों पर ट्रैफिक व्यवस्था संभालेंगे। सतत निगरानी कर सुनिश्चित करेंगे कि किसी भी दशा में श्रद्धालुओं को आवागमन में किसी तरह की दिक्कत न हो।
कुछ समय पहले तक प्रयागराज रेंज में तैनात रहे 2004 बैच के आईपीएस चंद्रप्रकाश को प्रयागराज-वाराणसी मार्ग की जिम्मेदारी सौंपी गई है। इसी तरह डीजीपी मुख्यालय से अटैच आईजी प्रीतिंदर सिंह को प्रयागराज-रीवा राजमार्ग की ट्रैफिक व्यवस्था को संभालने के लिए निर्देशित किया गया है। 2003 बैच के आईपीएस आईजी राजेश मोदक को शहर क्षेत्र में यातायात व्यवस्था सुचारू रखने के लिए तैनात किया गया है।
वह अभी आईजी सीबीसीआईडी के पद पर तैनात हैं। इसी तरह आईजी विजिलेंस व 2005 बैच की आईपीएस मंजिल सैनी लखनऊ व अयाेध्या-प्रतापगढ़ मार्ग की यातायात व्यवस्था को देखेंगी। यह सभी आईजी स्तर के अधिकारी हैं। इसी तरह एडीजी सुजीत पांडेय को प्रयागराज-मिर्जापुर राजमार्ग की यातायात व्यवस्था संभालने के लिए भेजा गया है।
शिवरात्रि के लिए ट्रैफिक की रणनीति में बदलाव
महाशिवरात्रि पर जनपद में ट्रैफिक की व्यवस्था सुचारू रखने के लिए ट्रैफिक प्लानिंग में बदलाव किया गया है। एक दिन पहले मेला क्षेत्र में पहुंचे डीजीपी प्रशांत कुमार ने यह जानकारी दी थी। उन्होंने बताया था कि जनपद की ओर आने वाले सात प्रमुख मार्गों पर ट्रैफिक प्रबंधन की जिम्मेदारी संभालने के लिए वरिष्ठ पुलिस अफसर तैनात किए गए हैं। प्रमुख मार्गों पर ऐसे बिंदु चिह्नित किए गए हैं, जहां पर जाम लगता है या ट्रैफिक का दबाव ज्यादा होने पर वाहनों की रफ्तार धीमी हो जाती है।