इस बात की जानकारी परिजनों ने पुलिस को भी दे दी। इधर, परिजनों का आरोप था कि जानकारी देने के बाद भी युवती की तलाश नहीं की जा रही है। इस पर 29 जून की रात परिजनों के साथ कस्बे के सैकड़ों लोगों ने कोतवाली का घेराव किया। उन्होंने विवेचक को बदलने और युवती को बरामद करने की मांग की। इसके बाद पुलिस ने युवती के अपहरण का मुकदमा दर्ज कर लिया। देर रात तक हंगामे के बाद अफसरों ने जांच अधिकारी बदल दिया। पुलिस ने युवती को बरामद कर लिया।
कोर्ट में बयान कराने के बाद युवती को परिजनाें को सौंप दिया गया। युवती के पिता का आरोप है कि दूसरे समुदाय का एक युवक उसकी बेटी को भगा ले गया। उसे प्रयागराज के करेली के एक मदरसे में ले जाया गया। यहां बेटी का धर्म परिवर्तन कराया और उसके साथ निकाह कर लिया। पिता का कहना है कि किसी का भी धर्म बदलने से पहले प्रशासन को प्रार्थना पत्र देना होता है। पीड़िता के पिता ने समाधान दिवस पर डीएम से शिकायत कर कार्रवाई की मांग की है।
लापता युवती बरामद, पुलिस का दावा, घर से नाराज होकर निकली थी
कस्बे से पिछले दिनों संदिग्ध हालत में लापता युवती की बरामदगी के बाद पुलिस ने कोर्ट में बयान कराया। पुलिस का दावा है युवती ने अदालत में बयान दिया कि वह घरवालों से नाराज होकर चली गई थी। सीओ चायल श्यामकांत का कहना है युवती का मेडिकल कराने के साथ ही बयान कराया गया। बयान में युवती ने अपने परिवार के लोगों से नाराज होकर रिश्तेदार के जाने की बात कही थी।
सराफ की दुकान से झुमके लेकर भागे टप्पेबाज दंपती
नगर पालिका परिषद भरवारी निवासी सत्यम कौशल की घर में ही सराफा की दुकान है। सत्यम का कहना है शुक्रवार शाम उसकी दुकान में बाइक सवार दंपती आकर रुके। उनके साथ एक दुधमुंहा बच्चा भी था। दंपती ने आते ही उनसे सोने के झुमके दिखाने को कहा। सत्यम झुमके दिखा रहा था तभी दंपती ने बाला दिखाने को कहा। सत्यम दुकान में अपनी मां को बैठाकर बाला लेने गया तभी दंपती ने झुमके पार कर दिए और भाग निकले। वापस आने पर सत्यम को घटना की जानकारी हुई। मामले की शिकायत कोखराज कोतवाली में की गई है।