अयोध्या में राम मंदिर निर्माण के लिए शिलान्यास की घोषणा करने वाले शंकराचार्य स्वरूपानंद के शिविर में शिलापूजन का काम शुरू हो गया है। जगह-जगह से श्रद्धालु शिलाएं भी लेकर आ रहे हैं। शिलान्यास के इस कार्यक्रम को रामाग्रही सविनय आंदोलन नाम दिया गया है।
शनिवार को स्वरूपानंद के शिष्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद ने शिविर में रखी गई मंदिर निर्माण से जुड़ी शिलाओं को दिखाते हुए बताया कि इन शिलाओं का नामकरण भी कर दिया गया। उन्होंने अपने पास भी सात शिलाएं रखी हुई हैं। इनका नामकरण करने के बाद इन्हें वहां से कहीं और रख दिया जाता है। कुछ शिलाओं का नाम नंदा, भद्रा, जया और पूर्णा रखा गया है। इसी तरह बाकी शिलाओं का भी नामकरण किया जा रहा है।
अविमुक्तेश्वरानंद ने बताया कि अयोध्या में शिलान्यास करने की योजना पर रोजाना काम चल रहा है। पहले शंकराचार्य शिलाएं लेकर अयोध्या के लिए कूच करेंगे, उनके पीछे-पीछे शिष्य और भक्तों की टीम चलेगी। उनका कहना है कि यदि सरकार उन्हें अपने इस काम के लिए रोकती है तो वह बिना किसी विरोध के आगे बढ़ेंगे, यदि उन पर लाठी या गोली चलाई जाती है तो इसके लिए भी उनकी पूरी तैयारी है।