मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मंगलवार को कुंभ में नेत्र कुंभ आयोजन को अद्भुत बताते हुए सराहा। उन्होंने सेवा भाव की भूरि-भूरि प्रशंसा करते हुए कहा कि त्रिवेणी संगम पर देश भर के नेत्र विशेषज्ञों का संगम मानवता की सेवा की मिसाल है। सीएम ने मरीजों का हाल पूछकर चश्मा वितरण सहित ओपीडी आदि की व्यवस्था भी देखी। इससे पहले गणेश प्रतिमा, भावराव देवरस, रज्जू भइय्या के चित्रों पर पुष्प अर्पित किए। उन्होंने आरएसएस के पदाधिकारियों संग बैेठक कर सरकार की उपलब्धियां गिनाईं।
सीएम योगी आदित्यनाथ सेक्टर छह स्थित नेत्र कुंभ शिविर में करीब 50 मिनट रहे। साथ में डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्या, स्वास्थ्य मंत्री सिदर्थनाथ सिंह, स्टांप मंत्री नंद गोपाल गुप्ता नंदी, पर्यटन मंत्री डॉ. रीता जोशी बहुगुणा आदि के साथ मरीजों की सेवा क्रम के बारे में आयोजकों से जानकारी ली। मंत्रीमंडल सहयोगियों के साथ मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने ओपीडी हाल में भ्रमण कर मरीजों से हालचाल पूछा।
मशीनों और जांच के बारे में जानकारी ली। चश्मा वितरण हॉल के भीतर पहुंच कर कतारबद्ध होकर लोगों को चश्मा लेते देख खुशी जताई। यहां से उन्हें चरक हाल ले जाया गया। जहां उन्होंने आरएसएस के वरिष्ठ पदाधिकारियों और आयोजन में सहयोगी संस्थाओं में रज्जू भइया ट्रस्ट, भाउराव देवरस न्यास, सक्षम संस्था, नेशनल मेडिको आर्गनाइजेशन, गंगा राम कोलमेट अस्पताल के प्रतिनिधियों संग बैठक की।
बैठक में संघ के सह सर कार्यवाह डॉ. कृष्ण गोपाल ने कहा कि सामाजिक कार्य करते समय लोगों की आंख संबंधी पीड़ा की जानकारी हुई और इसे दूर करने का संकल्प लिया। हम कुंभ में श्रद्धालुओं के साथ ऐसे लोगों की आंखों का उपचार कर रहे हैं, जो आर्थिक या अन्य कारणों से नहीं करा पाते। इस पर सीएम योगी ने कहा कि नेत्र कुंभ की भांति सरकार स्वास्थ्य सेवा का विस्तार का प्रयास कर रही है। गरीब लोगों को उच्चस्तरीय चिकित्सकीय सेवाएं देने का काम किया जा रहा है।