फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

हिंदू देवी-देवताओं और ऋषियों को जातियों में बांटना गलतः नरेंद्र गिरी

Mon, 10 Aug 2020 10:09 PM IST
विनोद सिंह अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
विज्ञापन
prayagraj news: Narendra Giri - फोटो : prayagraj
विज्ञापन
यूपी में ब्राह्मणों पर शुरू हुई सियासत के बीच सोमवार को अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद ऋषि-मुनियों को जातियों में बांटने पर एतराज जताया। सपा के बाद बसपा सुप्रीमो मायावती की ओर से महर्षि परशुराम की विशाल प्रतिमा लगाए जाने के एलान पर परिषद ने अनुचित करार दिया है। परिषद के अध्यक्ष महंत नरेंद्र गिरि ने कहा है कि देवी-देवताओं, ऋषि-मुनियों और अवतारी महापुरुषों को जातियों में बांटा जाना गलत है। इससे बचा जाना चाहिए।
विज्ञापन


अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष महंत नरेंद्र गिरि ने कहा कि यह सनातन धर्म और हिंदू समाज को कमजोर करने की साजिश है। उन्होंने कहा कि हमारे आराध्य देवी -देवताओं को जातियों में बांटकर देखना उचित नहीं है। उन्होंने किसी राजनीतिक दल का नाम लिए बगैर कहा कि जहां तक बात महर्षि परशुराम की है, तो वे भी भगवान विष्णु के ही अवतार हैं।

अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष ने लोगों से अपील की कि वे समाज को तोड़ने वाली ताकतों के बहकावे में न आएं। बल्कि ऐसे लोगों का एकजुट होकर विरोध करें, ताकि सनातन परंपरा की एकता और अखंडता बनी रहे। उन्होंने बताया कि परिषद जल्द ही ऐसी विघटनकारी ताकतों से लोगों को सजग करने के लिए अभियान चलाएगा।
विज्ञापन


उन्होंने कहा कि कि पांच सौ वर्ष के बाद सनातन धर्म की सबसे बड़ी जीत हुई है और अयोध्या में मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान राम का भव्य मंदिर बनने जा रहा है। इससे देश ही नहीं पूरे विश्व के सनातन धर्मावलंबियों में उत्साह है। लेकिन, कुछ लोगों को यह उपलब्धि रास नहीं आ रही है। इसी वजह से हिंदू देवी-देवताओं और ऋषि-मुनियों को जातियों में बांटकर सियासी रोटियां सेंकने की कोशिश की जा रही हैं।
विज्ञापन
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें