इमाम बारगाह मिज़ार् नक़ी बेग़ में ‘मजलिसे चेहल्लुम’
प्रयागराज। रानीमंडी स्थित इमाम बारगाह मिज़ार् नक़ी बेग़ में सैयद मसूद हैदर इब्ने सैयद आग़ा हैदर को चेहल्लुम की मजलिस में याद किया गया। सोज़खान शहनशाह हुसैन की सोज़खानी और अनवार अब्बास की पेशख्वानी के बाद बतौर मुख्य वक्ता मौलाना सैयद रज़ी हैदर साहब ने मजलिस को खिताब किया।
कुरआन पाक की आयतों के हवाले से कहा, इस्लाम सिर्फ मोहब्बत और प्यार सिखाता है, न कि किसी बेगुनाह को कत्ल करने को कहता है। दुनिया आज हज़रत इमाम हुसैन के बताए हुए रास्ते पर चले, तो आतंकवाद का पूरी तरह से खात्मा किया जा सकता है। मरहूम मसूद हैदर अच्छे नौहाखान थे।
मजलिस में सैयद आगा हैदर, सैयद जावेद हैदर, सैयद समीर हैदर, दानिश काज़मी, वसीम रिज़वी, साजिद, मेंहदी रिज़वी, मौलाना जव्वाद हैदर रिज़वी साहब, सैफ, सामिन, हसन अस्करी रिज़वी आदि शामिल थे। वहीं महिलाओं की मजलिस को उज़मा रिज़वी ने खिताब किया।