भारतीय जनता पार्टी के पूर्व सांसद डा. रामविलास वेदांती ने मंगलवार को दावा किया कि अयोध्या में मस्जिद नहीं, बल्कि मंदिर का ढांचा गिराया गया था। यह ढांचा खुद उन्होंने ही गिरवाया। इसमें भाजपा सांसद लाल कृष्ण आडवाणी और डा. मुरली मनोहर जोशी का नाम बेवजह उछाला गया। डा. वेदांती ने यह बातें माघ मेले में कहीं।
मेला पहुंचे डा. वेदांती ने कहा कि जन्मभूमि में जो ढांचा गिराया गया था, उसमें हनुमान जी, मां दुर्गा, भगवान विष्णु की मूर्ति के साथ ओम एवं शंख आदि के निशान थेे। वेदांती के मुताबिक अयोध्या में राम मंदिर निर्माण की ओर कदम बढ़ चुके हैं। दिसंबर 2018 के बाद अयोध्या में राममंदिर का निर्माण शुरू होगा। क्योंकि तब तक सात राज्यों में होने वाले विधानसभा चुनाव का परिणाम आ जाएगा और भाजपा के पास राज्यसभा में पर्याप्त बहुमत भी रहेगा। ऐसे में सदन में कानून बनाकर या सुप्रीम कोर्ट के निर्णय के आधार पर राम जन्मभूमि पर भव्य राम मंदिर का निर्माण मोदी और योगी सरकार के कार्यकाल में शुरू हो जाएगा।
वेदांती ने इस बार के माघ मेले में सरकार द्वारा की गई तैयारियों की भी तारीफ की। कहा, योगी आदित्यनाथ के सीएम के कार्यकाल में माघ मेला क्षेत्र में सबसे उत्तम व्यवस्था है। पूर्व में बसपा और सपा सरकार ने हमेशा ही माघ मेले की उपेक्षा की। उन्होंने कहा कि भाजपा की सरकार पिछली सरकारों से बेहतर कार्य कर रही है। बसपा और सपा ने अयोध्या पर ध्यान नहीं दिया और ना ही उन्होंने माघ मेले में अधिक रुचि दिखाई। इस सरकार के आने के बाद ही प्रदेश में राम राज्य जैसा माहौल बन गया है। वेदांती ने मेले की तैयारियों पर संतुष्टि जाहिर की। वेदांती ने कहा कि पूर्व की सपा और बसपा सरकार के दौरान मेरी संस्था को जमीन कभी भी नहीं दी गई। इस वर्ष वशिष्ठ भवन धर्मार्थ सेवा ट्रस्ट के नाम पर मेला प्रशासन ने जमीन दी है।
देश भर में लगे गो हत्या पर पाबंदी
0 पूर्व सांसद एवं विश्व हिंदू परिषद कार्यकारिणी के वरिष्ठ सदस्य डा. रामविलास वेदांती ने कहा कि देश भर में गो हत्या पर पाबंदी के लिए कानून बने। प्रदेश में योगी सरकार आने के बाद अवैध बूचड़ खाने बंद हुए। राज्य सरकार ने 16 नगर निगमों में गौशाला खोलने का भी आदेश दिया है। अयोध्या में भगवान राम की 108 फुट ऊंची प्रतिमा लगने जा रही है। वेदांती ने वसीम रिजवी द्वारा योगी सरकार को पत्र लिखकर मदरसों में भारतीय शिक्षा देने के प्रस्ताव का स्वागत किया है। उन्होंने कोर्ट के आदेश के अनुपालन में धार्मिक स्थलों से लाउडस्पीकर हटवाने के योगी सरकार के जारी किए गए फरमान की भी सराहना की। इस अवसर पर वशिष्ठ भवन धर्मार्थ सेवा ट्रस्ट के अध्यक्ष डा. राघवेश दास वेदांती, दिनेश तिवारी, नीरज पांडेय, ललित पांडेय, सुशील मिश्र, आशीष पांडेय, श्याम बाबू चतुर्वेदी, प्रकाश शुक्ला, जितेंद्र तिवारी आदि मौजूद रहे।