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holland hall hostel allahabad university: कमरा नंबर चार, 30 व 17 से संचालित होता था बागी गैंग

Sat, 25 Jun 2022 05:51 AM IST
विनोद सिंह अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज

सार

पुलिस अफसरों के मुताबिक, अब तक कि गिरोह के तीन सदस्य अभी पुलिस की पकड़ से दूर हैं। इनमें अभिषेक शुक्ला, सोनू व अभिषेक यादव उर्फ गोलू शामिल हैं। अभिषेक यादव उर्फ गोलू मूल रूप से आजमगढ़ का रहने वाला है और वह ही स्विफ्ट कार लेकर आया था, जो घटना में प्रयुक्त हुई।
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Prayagraj News : हालैंड हाल हॉस्टल। - फोटो : अमर उजाला।
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विस्तार
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पीएचक्यू के पास बमबाजी की वारदात में शामिल विवेक बागी गैंग हॉलैंड हाल हॉस्टल के कमरा नंबर चार, 30 व 17 से संचालित हो रहा था। पुलिस अफसरों का दावा है यह वह तीन कमरे हैं जिनमें बागी गैंग के तीन सदस्यों ने अवैध रूप से कब्जा कर रखा था। फिलहाल इन तीनों कमरों में ताला लगा हुआ है।

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पुलिस अफसरों के मुताबिक, अब तक कि गिरोह के तीन सदस्य अभी पुलिस की पकड़ से दूर हैं। इनमें अभिषेक शुक्ला, सोनू व अभिषेक यादव उर्फ गोलू शामिल हैं। अभिषेक यादव उर्फ गोलू मूल रूप से आजमगढ़ का रहने वाला है और वह ही स्विफ्ट कार लेकर आया था, जो घटना में प्रयुक्त हुई।


बताया कि तीनों विवि के मौजूदा छात्र नहीं हैं। लेकिन पता चला है कि वह अवैध रूप से हॉलैंड हॉल हॉस्टल में रहते थे। कमरा नंबर चार, 17 व 30 में इनका अवैध कब्जा था। यह भी बात सामने आई है कि यह प्रॉपर्टी का भी काम करते थे जिसकी पुष्टि अभी बाकी है। तीनों की तलाश की जा रही है।
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बागी गैंग के तीन सदस्यों के हॉलैंड हॉल हॉस्टल के तीन कमरों में अवैध रूप से रहने की जानकारी मिली है। इविवि प्रशासन की मदद से इन तीनों कमरों की तलाशी ली जाएगी। फरार आरोपियों की तलाश में एसओजी को भी लगाया गया है। - अजय कुमार, एसएसपी

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इविवि के सामने छात्र को मारा था बम
बागी गैंग का सरगना विवेक यादव पहले भी कई दुस्साहसिक वारदातों को अंजाम दे चुका है। पुलिस की जांच पड़ताल में यह बात सामने आई है कि ऐसी ही एक सनसनीखेज घटना उसने 2015 में अंजाम दी थी। इसमें उसने इलाहाबाद विश्विद्यालय के सामने बीएससी के छात्र शिवशंभु तिवारी पर बम से हमला किया था। इसमें उसके अलावा उसके चार साथियों पर भी मुकदमा दर्ज हुआ था। 


अगले ही साल उसने एक बार फिर सनसनीखेज वारदात की। उसने अपने साथियों संग मिलकर जगराम चौराहे के पास कोचिंग पर बमबाजी की थी। यही नहीं जान बचाकर भागने के दौरान कोचिंग संचालक वसीम व उसके कर्मचारी योगेंद्र कुमार रावत पर फायरिंग की थी। जिसमें योगेंद्र गोली लगने से जख्मी हो गया था। इस मामले में भी मुकदमा लिखकर पुलिस ने उसे गिरफ्तार किया था।  
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