इलाहाबाद हाईकोर्ट ने सोशल मीडिया पर प्रधानमंत्री मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के खिलाफ अपमानजनक टिप्पणी करने के आरोपी की गिरफ्तारी पर पुलिस रिपोर्ट पेश होने गिरफ्तारी पर रोक लगा दी है। कोर्ट ने याची को दंड प्रक्रिया संहिता की धारा 41(1)ए का लाभ देने का निर्देश दिया है।
इस धारा में सात साल से कम की सजा के आपराधिक मामले में गिरफ्तारी न करने की व्यवस्था दी गई है। साथ ही इस धारा का पालन न करने पर पुलिस के खिलाफ मजिस्ट्रेट के समक्ष शिकायत की जा सकती है।
यह आदेश न्यायमूर्ति बच्चू लाल तथा न्यायमूर्ति दिनेश पाठक की खंडपीठ ने सरधना, मेरठ के कल्लू व अन्य की याचिका पर दिया है। पुलिस गिरफ्तारी की आशंका को देखते हुए रोक लगाने की मांग में यह याचिका दाखिल की गई थी। याची के खिलाफ मेरठ के सरधना थाने में धर्म विशेष का अपमान करने, दो समुदायों के बीच शत्रुता बढ़ाने वाली बात करने और आईटी एक्ट की धाराओं में प्राथमिकी दर्ज की गई है।