कोर्ट ने यह भी कहा कि ऐसे मामलों में विशेष सावधानी बरतना आवश्यक है, ताकि यह सुनिश्चित हो सके कि पीड़ित पक्ष ने किसी दबाव या भयवश समझौता नहीं किया है। कोर्ट ने गुलाम रसूल खान मामले का हवाला देते हुए कहा कि एससी/एसटी एक्ट के तहत दायर आपराधिक अपील में समझौते के आधार पर कार्यवाही समाप्त की जा सकती है। इसके लिए सीआरपीसी की धारा-482 का सहारा लेने की आवश्यकता नहीं है। कोर्ट ने पुलिस की ओर से दायर 21 जनवरी 2016 की चार्जशीट और एसीजेएम कोर्ट के 27 फरवरी 2016 के संज्ञान आदेश व विशेष सत्र परीक्षण की पूरी कार्यवाही को रद्द कर अपील को समझौते के अनुसार स्वीकार कर लिया है। ब्यूरो