कोर्ट ने कहा उसे बच्चों से नहीं मिलने दिया जाएगा- महिला बोली मंजूर है
सुनवाई के दौरान पत्नी कोर्ट में उपस्थित हुई तो कोर्ट ने उससे कई सवाल किए। कोर्ट ने पूछा कि क्या उसे किसी ने बंधक बनाया है, तो महिला ने कहा कि उसे किसी ने बंधक नहीं बनाया है। वह दिल्ली में रहकर जॉब कर रही है। पति उसे परेशान करता है। उसका प्रमोद कुमार से कोई लेनादेना नहीं है। सुनवाई केदौरान पति और उसकेदोनों बच्चे वैभव (9 वर्ष) और शौर्य (5 वर्ष और एक पैर से दिव्यांग) भी मौजूद थे।
कोर्ट ने पूछा अपने बच्चों को साथ रखोगी तो महिला ने इनकार करते हुए कहा कि उसका बच्चों से कोई वास्ता नहीं है। इस पर कोर्ट ने कहा कि उसे बच्चों से मिलने नहीं दिया जाएगा तो महिला ने जवाब दिया कि मंजूर है। कोर्ट ने बंदी प्रत्यक्षीकरण याचिका को पोषणीय न पाते हुए उसे खारिज कर दिया। बच्चों को उसके पिता के पास ही रहने दिया।