High Court News: इलाहाबाद हाईकोर्ट ने स्पष्ट किया है कि लाइसेंसी हथियार का उपयोग हर्ष फायरिंग, शादी या धार्मिक आयोजनों में नहीं किया जा सकता। कोर्ट ने कहा कि हर लाइसेंसधारी को खरीदे और इस्तेमाल किए गए प्रत्येक कारतूस का पूरा हिसाब रखना होगा। रिकॉर्ड नहीं होने पर शस्त्र लाइसेंस निरस्त किया जा सकता है।