कोरोना वायरस से निपटने के उपायों पर सुझाव के लिए सोमवार को इलाहाबाद हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश गोविन्द माथुर ने न्यायमूर्ति बी के नारायण की अध्यक्षता में चार सदस्यीय समिति गठित कर दी है। समिति में न्यायमूर्ति एस पी केशरवानी, बार एसोसिएशन व एडवोकेट एसोसिएशन के अध्यक्ष सदस्य है। जो इस मामले की मानीटरिंग कर रही है।
समिति की बैठक में कई महत्वपूर्ण सुझाव दिए गए हैं। जिसे मुख्य न्यायाधीश के अनुमोदन के लिए भेजा गया है। इसके साथ ही तय किया गया है कि आवश्यक मुकदमों व नये केसों की ही सुनवाई की जाए। 2019-20 की जमानत अर्जी, गैर जमानती वारंट के मामले की सुनवाई होगी। वादकारियों के प्रवेश प्रतिबंधित कर दिया जाए। सुरक्षा जांच के बाद प्रवेश की अनुमति होगी।
इससे पहले लखनऊ में कोरोना वायरस के दो संदिग्ध मरीज मिले हैं। एक को केजीएमयू में और दूसरे को लोहिया संस्थान में भर्ती कराया गया है। इन दोनों को देर रात रिपोर्ट आने के बाद स्थिति साफ हो सकेगी। उधर, दो दिन पहले पॉजीटिव पाए गए दोनों मरीजों की हालत में सुधार देखा गया है।
वहीं रविवार को स्पेन से लौटे एक युवक को बुखार व जुकाम था। उसे केजीएमयू में भर्ती करा कर जांच के नमूने भेजे गए। इसी तरह जॉर्डन से लौटे युवक में भी कोरोना के लक्षण पाए गए हैं। उसे लोहिया संस्थान में भर्ती कराया गया है।