लंबे इंतजार के बाद बृहस्पतिवार की देर शाम हाईकोर्ट फ्लाईओवर की सौगात प्रयागराजवासियों को मिल गई। सुप्रीमकोर्ट के न्यायाधीश न्यायमूर्ति विनीत सरन और मंडायुक्त डॉ. आशीष कुमार गोयल की कारें सबसे पहले इस फ्लाईओवर पर उतारी गईं। इसी के साथ ट्रायल टेस्टिंग पूरी कराते हुए सेतु निर्माण निगम ने इस फ्लाईओवर के एक लेन से यातायात शुरू करा दिया। रात को ही हाईकोर्ट फ्लाईओवर पर वाहन फर्राटे भरने लगे। दूसरी लेन से यातायात 26 नवंबर को आरंभ होगा।
कुंभ के तहत बन रही 10 सेतु परियोजनाओं में सबसे अहम हाईकोर्ट फ्लाईओवर को दिन रात लगकर अभियंताओं ने पूरा कराया। बृहस्पतिवार को इस फ्लाईओवर को खोलने की तिथि निर्धारित होने और काम पूरा न होने की वजह से अभियंताओं की धड़कनें बढ़ी हुई थीं। मंडलायुक्त अशीष कुमार गोयल ने इसके लिए सुबह नौ बजे ही सेतु निगम के प्रभारी मुख्य परियोजना प्रबंधक अनिरुद्ध कुमार सिंह को तलब कर लिया। इस दौरान मंडलायुक्त को बताया गया कि इस फ्लाईओवर पर अभी कोटिंग का काम बाकी है, उसे पूरा कराया जा रहा है। मंडलायुक्त ने किसी भी दशा में फ्लाईओवर को फिनिशिंग लाइन तक शाम तक पहुंचाने का निर्देश दिया।
इसके बाद प्रभारी मुख्य परियोजना प्रबंधक ने खुद खड़े होकर शाम सात बजे तक काम पूरा कराया। इसके बाद मंडलायुक्त सुप्रीमकोर्ट के न्यायमूर्ति विनीत सरन के साथ पहुंचे। उनकी कार को सबसे पहले पुल पर अभियंताओं ने पार कराया। सुप्रीम कोर्ट के न्यायमूर्ति ने अफसरों के साथ पैदल चलकर फ्लाईओवर का निरीक्षण किया। इसके बाद फ्लाईओवर की एक लेन खोल दी गई। इस लेन से दोनों तरफ से यातायात फिलहाल चालू करा दिया गया है। प्रभारी परियोजना प्रबंधक सिंह ने बताया कि डबल लेन पर दोनों तरफ से यातायात सुगमता से चलाया जा सकता है। 26 नवंबर को इस फ्लाईओवर की दूसरी लेन की भी ट्रायल टेस्टिंग की जाएगी और इसे पूर्ण रूप से खोल दिया जाएगा। इस फ्लाईओवर के खुलने के बाद कानपुर रोड के साथ ही पुराने शहर और वाराणसी-इलाहाबाद मार्ग पर जाम से मुक्ति मिलने की उम्मीद है।