Prayagraj News : लेटे हनुमान मंदिर के गर्भगृह से निकाला गया बाढ़ का पानी।
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बस्तियों से निकला बाढ़ का पानी लेकिन 423 अब भी शिविर में
गंगा-यमुना के जलस्तर में कमी के साथ ज्यादातर बस्तियों से बाढ़ का पानी निकल चुका है, लेकिन 423 लोग अब भी राहत शिविरों में रहने के लिए मजबूर हैं। गलियों एवं घर की सफाई के बाद शनिवार एवं रविवार तक इन लोगों के भी घर लौटने की उम्मीद है।
शुक्रवार को दोनों नदियों का जलस्तर 81 मीटर से भी नीचे चला गया। इसके साथ बघाड़ा, बेली कछार, नेवादा के निचले इलाकों को छोड़कर अन्य बस्तियों से बाढ़ का पानी निकल गया। इसके बाद पलायन के लिए मजबूर लोगों का घर पहुंचने का सिलसिला शुक्रवार को भी जारी रहा। राहत शिविरों से चार हजार से अधिक लोग शुक्रवार को अपने घरों के लिए रवाना हुए।
Prayagraj News : तेजी से घट रहा है गंगा और यमुना का जलस्तर।
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पानी निकलने के बावजूद निचले इलाकों में गंदगी बनी हुई है। इसकी वजह से बघाड़ा, बेली, नेवादा क्षेत्र में बने चार राहत शिविरों में अब भी लोग मौजूद हैं। एनी बेसेंट स्कूल में 53 परिवाराें के 235 लोगों ने शरण ले रखी है। इसी तरह से वाईएमसीए में 17 परिवार के 90, ऋषिकुल उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में सात परिवार के 50 तथा स्वामी विवेकानंद इंटर कॉलेज में चार परिवार के 25 लोगों ने शरण ले रखी है। ग्रामीण क्षेत्रों में बने शिविर में शरण लेने वाले सभी लोग घरों में पहुंच गए हैं। एडीएम वित्त एवं राजस्व जगदंबा सिंह का कहना है कि बस्तियों में सफाई के बाद अन्य लोगों को भी घर भेजा जाएगा।