तमाशबीन बने रहे वन विभाग के लोग
इस पर ग्रामीणों का धैर्य जवाब देने लगा और कुछ युवक स्वयं खेत में डंडा पटकने लगे। तभी राजेंद्र प्रसाद ने भी खेत में घुसने का प्रयास किया जिसे देखते ही तेंदुए ने हमला कर दिया और निकल कर दूसरे खेत में चला गया। गांव उपेंद्र प्रताप सिंह, अनिल कुमार सिंह, रघुवीर सिंह एवं कुश का आरोप है कि गांव वाले सुबह से तेंदुए के कारण दहशत में हैं। सुबह ही वन विभाग को गांव में तेंदुआ होने की सूचना दी गई थी पर वन कर्मी तेंदुए को पकड़ने के लिए बिना किसी तैयारी के आए और केवल तमाशबीन बने रहे। उनका कहना है कि जब तक तेंदुआ पकड़ा नहीं जाता, तब तक ग्रामीणों में दहशत बनी रहेगी।